कोटा हाड़ौती ट्रैवल मार्ट के लिए एमओयू पर हस्ताक्षर, प्री-समिट में उद्योग जगत एक मंच पर
पर्यटन आयुक्त रूकमणी रियाड़ ने कहा—कोटा हाड़ौती में पर्यटन की असीम संभावनाएँ, उदयपुर और जोधपुर में भी इसी मॉडल पर आयोजन
24 नवम्बर 2025 | जयपुर | नरेश गुनानी
होटल फेडरेशन ऑफ राजस्थान (एचएफआर) कोटा डिविजन द्वारा कोटा हाड़ौती ट्रैवल मार्ट के लिए एमओयू हस्ताक्षर एवं प्री-समिट कार्यक्रम सोमवार को आरटीडीसी होटल गणगौर में आयोजित किया गया। कार्यक्रम में पर्यटन, हॉस्पिटैलिटी और ट्रैवल सेक्टर से जुड़े प्रमुख प्रतिनिधियों, संघ पदाधिकारियों और उद्योग हितधारकों की उल्लेखनीय उपस्थिति रही, जिससे हाड़ौती के पर्यटन भविष्य को लेकर सकारात्मक संदेश गया।
एमओयू पर हस्ताक्षर पर्यटन आयुक्त रूकमणी रियाड़ और एचएफआर अध्यक्ष हुसैन खान द्वारा किए गए।
ट्रैवल मार्ट 2026 की रूपरेखा प्रस्तुत
समारोह की शुरुआत पारंपरिक दीप प्रज्ज्वलन से हुई। इसके बाद एचएफआर कोटा डिविजन की ओर से हाड़ौती ट्रैवल मार्ट 2026 की विस्तृत रूपरेखा, आयोजन की मुख्य विशेषताएँ, संभावित प्रदर्शन क्षेत्रों और हाड़ौती के विविध पर्यटन संसाधनों की प्रस्तुति दी गई।
यह ट्रैवल मार्ट 2 से 4 जनवरी 2026 तक आयोजित होगा, जिसमें कोटा, बूंदी, झालावाड़ और बारां जिलों के इतिहास, प्राकृतिक सौंदर्य, वास्तुकला, जल विरासत, कला-संस्कृति और साहसिक पर्यटन को प्रमुखता से प्रस्तुत किया जाएगा।
“हाड़ौती में छिपी हैं अपार संभावनाएँ” — पर्यटन आयुक्त
अपने उद्बोधन में पर्यटन आयुक्त रूकमणी रियाड़ ने कहा कि राजस्थान सरकार पर्यटन को नई दिशा देने के लिए पहली बार कोटा हाड़ौती ट्रैवल मार्ट-2026 का आयोजन कर रही है।
उन्होंने कहा कि हाड़ौती संभाग में पर्यटन की असीम संभावनाएँ हैं, जिन्हें संगठित और योजनाबद्ध प्रयासों से राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर स्थापित किया जा सकता है।
पर्यटन आयुक्त ने कहा कि कोटा संभाग अत्यंत सुंदर है और सरकार का प्रयास है कि यहां की खूबसूरती से देश-दुनिया परिचित हो। ऐसे आयोजन उन अनछुए स्थलों को भी उभारेंगे, जो अभी तक मुख्यधारा के पर्यटन मानचित्र में शामिल नहीं हो पाए हैं।
उन्होंने बताया कि विभाग की रणनीति के अनुसार भविष्य में उदयपुर और जोधपुर में भी इसी मॉडल पर विशेष ट्रैवल मार्ट आयोजित किए जाएंगे, जिससे राजस्थान को वर्षपर्यन्त पर्यटन गंतव्य के रूप में सुदृढ़ पहचान मिलेगी।
पर्यटन एवं हॉस्पिटैलिटी जगत के दिग्गजों की उपस्थिति
कार्यक्रम में एचएफआर अध्यक्ष हुसैन खान, एचएफआर कोटा डिविजन अध्यक्ष अशोक महेश्वरी, सुरेंद्र सिंह शाहपुरा, वीरेंद्र सिंह (एफएचटीआर), महेंद्र सिंह (राटो), हेम सिंह (एडीटीओआई), गज सिंह अलीसर (आईएचएचए) सहित विभिन्न उद्योग संगठनों व फेडरेशनों के शीर्ष प्रतिनिधि मौजूद रहे।
सभी वक्ताओं ने कहा कि हाड़ौती क्षेत्र में नदी-झरनों व जल पर्यटन, बौद्ध-जैन-शैव विरासत, गढ़-किलों की समृद्ध श्रृंखला, एडवेंचर टूरिज्म, ग्रामीण और ईको टूरिज्म के लिए व्यापक अवसर मौजूद हैं। इन संसाधनों से हाड़ौती को राष्ट्रीय पर्यटन मानचित्र पर अग्रणी स्थल के रूप में स्थापित किया जा सकता है।
विभागीय अधिकारियों की सहभागिता
इस अवसर पर पर्यटन विभाग के अतिरिक्त निदेशक आनंद त्रिपाठी, संयुक्त निदेशक दलीप सिंह राठौड़, उपनिदेशक उपेंद्र सिंह शेखावत सहित विभागीय अधिकारी व कर्मचारी उपस्थित रहे।
सामूहिक प्रयासों से पर्यटन विकास का संकल्प
प्री-समिट के समापन पर हितधारकों ने एकमत होकर कहा कि हाड़ौती को राजस्थान के उभरते हुए प्रमुख पर्यटन गंतव्य के रूप में विकसित करने के लिए सामूहिक प्रयास जारी रहेंगे। प्रतिभागियों ने एमओयू को हाड़ौती में पर्यटन विकास के लिए एक निर्णायक और मजबूत कदम बताया।

