नई दिल्ली / जोधपुर / नरेश गुनानी/ हरियाली अमावस्या के पावन पर्व के अवसर पर केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान के आह्वान पर देशभर में व्यापक स्तर पर पौधारोपण अभियान चलाया गया। इस विशेष अवसर पर ‘वृक्ष मित्र परिवार’ के सदस्यों और आम नागरिकों ने मिलकर देश के अलग-अलग हिस्सों में 50 हजार से भी अधिक पौधे लगाने का संकल्प पूरा किया।
केंद्रीय कृषि मंत्री ने नई दिल्ली में किया पौधारोपण
बुधवार, 12 अगस्त को केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने नई दिल्ली स्थित पीबीजी ग्राउंड (सेंट्रल रेंज, तालकटोरा स्टेडियम के पास) में सैकड़ों साथियों के साथ पौधरोपण कर अभियान की शुरुआत की।
कृषि मंत्री से प्रेरणा लेते हुए उनके ‘वृक्ष मित्र अभियान’ से जुड़े देशभर के हजारों सदस्यों ने अपने-अपने गांवों, कस्बों और शहरों में उत्साहपूर्वक पौधे लगाए।
प्रकृति संरक्षण और वैज्ञानिक दृष्टि का प्रतीक है हरियाली अमावस्या
कार्यक्रम के दौरान पौधारोपण के महत्व पर प्रकाश डालते हुए केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा:
”हमारे देश में मनाए जाने वाले हर त्योहार के पीछे एक वैज्ञानिक दृष्टि और बेहतर जीवन का संदेश छिपा होता है। हरियाली अमावस्या प्रकृति के प्रति आभार व्यक्त करने का एक अनुपम पर्व है। इस मौसम में चारों ओर खेतों में फैली हरियाली और नई फसल आने की उम्मीद हर मन को आनंदित कर देती है।”
उन्होंने जोर देकर कहा कि प्रकृति के प्रति केवल शब्दों से आभार व्यक्त करना काफी नहीं है, बल्कि वृक्षारोपण जैसे ठोस कार्य करके इसे साबित करना चाहिए।
”एक पौधा लगाए हर व्यक्ति” — कृषि मंत्री की अपील
पर्यावरण संरक्षण को जन-आंदोलन बनाने की आवश्यकता पर बल देते हुए कृषि मंत्री ने देशवासियों से निम्नलिखित महत्वपूर्ण आह्वान किए:
- भविष्य की नींव: एक पौधा लगाना केवल पर्यावरण की रक्षा करना नहीं है, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के सुरक्षित और सुंदर भविष्य की मजबूत नींव रखना है।
- हरियाली अमावस्या को बनाएं खास: प्रत्येक नागरिक को हरियाली अमावस्या के दिन कम से कम एक पौधा लगाकर इस दिन को यादगार बनाना चाहिए।
- 5-पेड़ जोड़ने की श्रृंखला (Chain System): उन्होंने एक अनूठी पहल का सुझाव देते हुए कहा कि पौधारोपण करने वाला हर व्यक्ति अपने साथ 5 नए लोगों को जोड़े, और वे 5 लोग आगे 5-5 अन्य लोगों को प्रेरित करें। इस तरह यह अभियान देश के कोने-कोने तक एक जन-आंदोलन के रूप में पहुँच सकेगा।
काजरी (CAZRI) परिसर में भी हुआ पौधारोपण
हरियाली अमावस्या के इस विशेष अवसर पर केंद्रीय शुष्क क्षेत्र अनुसंधान संस्थान (काजरी) में भी पौधारोपण कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
इस अवसर पर काजरी के निदेशक ने पर्यावरण संतुलन में वृक्षों की भूमिका को रेखांकित करते हुए कहा कि पर्यावरण संरक्षण के इस राष्ट्रीय अभियान में प्रत्येक नागरिक को अपना सक्रिय योगदान देना चाहिए। प्रकृति को हरा-भरा बनाए रखना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है।