स्वामी केशवानंद इंस्टीट्यूट में हुआ विशाल रक्तदान शिविर
538 विद्यार्थियों और स्टाफ मेंबर्स ने किया रक्तदान — 23 वर्षों से जारी है यह सेवा परंपरा
लोकेंद्र सिंह शेखावत •
जयपुर, 31 अक्टूबर 2025।
स्वामी केशवानंद इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी, मैनेजमेंट एंड ग्रामोत्थान (एसकेआईटी) रामनगरिया, जगतपुरा, जयपुर में एचडीएफसी बैंक, लायंस क्लब जयपुर मेट्रो, रेड क्रॉस क्लब एवं राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) के संयुक्त तत्वावधान में एक विशाल रक्तदान शिविर आयोजित किया गया।
इस शिविर में कॉलेज के 538 विद्यार्थियों एवं स्टाफ सदस्यों ने उत्साहपूर्वक रक्तदान कर मानव सेवा का श्रेष्ठ उदाहरण प्रस्तुत किया।
शिविर का संचालन एसएमएस हॉस्पिटल, जयपुरिया हॉस्पिटल, संतोकबा दुर्लभजी मेमोरियल हॉस्पिटल, स्वास्थ्य कल्याण ब्लड बैंक, रूंगटा हॉस्पिटल, स्वास्तिक ब्लड बैंक और गुरुकुल ब्लड बैंक के सहयोग से किया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ
शिविर का उद्घाटन संस्था के चेयरमैन सुरजाराम मील, डायरेक्टर जयपाल मील, डायरेक्टर (अकादमिक) डॉ. एस.एल. सुराना, प्रिंसिपल डॉ. रमेश कुमार पचार, एचडीएफसी बैंक से शालिनी एवं कल्याण सिंह, और लायंस क्लब जयपुर मेट्रो से अध्यक्ष डॉ. महेश जैन, सेक्रेटरी महेश माहेश्वरी, नेमी पाटनी, रमेश सेठी एवं अनिल जैन ने संयुक्त रूप से किया।
सभी अतिथियों ने दीप प्रज्वलन कर और रक्तदाताओं का उत्साहवर्धन करते हुए शिविर की शुरुआत की।
सेवा भाव का प्रतीक
शिविर के संयोजक विकास महला ने बताया कि एसकेआईटी में हर वर्ष आयोजित होने वाले रक्तदान शिविर में विद्यार्थी और स्टाफ सदस्य स्वामी केशवानंदजी के मानव सेवा के स्वप्न को साकार करने हेतु बड़ी संख्या में भाग लेते हैं।
उन्होंने कहा कि यह शिविर न केवल जरूरतमंदों के जीवन को बचाने का माध्यम है, बल्कि युवाओं में सामाजिक दायित्व और मानवीय संवेदना को भी जागृत करता है।
संस्थान की परंपरा
संस्था के चेयरमैन सुरजाराम मील ने सभी रक्तदाताओं और सहयोगी संस्थाओं का स्वागत करते हुए बताया कि एसकेआईटी में पिछले 23 वर्षों से नियमित रूप से रक्तदान शिविरों का आयोजन किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि “रक्तदान महादान है, यह मानवता की सबसे उत्तम सेवा है। प्रत्येक व्यक्ति को समाज के प्रति अपने कर्तव्यों का निर्वहन करते हुए इस तरह की सेवाभावनात्मक गतिविधियों में भाग लेना चाहिए।”
इस अवसर पर परिसर में स्वच्छता, जल संरक्षण और अंगदान जागरूकता संबंधी संदेश भी विद्यार्थियों को दिए गए।
कार्यक्रम के अंत में रक्तदाताओं को प्रशस्ति पत्र एवं स्मृति चिन्ह प्रदान किए गए।