सीकर में खाद्य मंत्री की समीक्षा बैठक
खाद्य सुरक्षा योजनाओं में पारदर्शिता पर जोर, गिव अप अभियान में 1.55 लाख यूनिट्स ने किया स्वेच्छा त्याग
नरेश गुनानी
जयपुर/सीकर, 29 सितम्बर 2025।
राज्य सरकार की प्राथमिकता है कि खाद्य सुरक्षा योजनाओं का लाभ वास्तविक पात्र लोगों तक पूरी पारदर्शिता के साथ पहुंचे। यह बात खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति तथा उपभोक्ता मामले विभाग मंत्री श्री सुमित गोदारा ने सोमवार को सीकर कलेक्ट्रेट में विभागीय अधिकारियों की समीक्षा बैठक में कही।

खाद्य मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि योजनाओं के क्रियान्वयन की नियमित मॉनिटरिंग की जाए और अपात्र व्यक्तियों को योजना से बाहर करने की प्रक्रिया तेज की जाए। उन्होंने कहा कि पात्र परिवारों को योजनाओं का लाभ निर्बाध रूप से मिलना चाहिए और अपात्र लाभार्थियों को स्वेच्छा से बाहर होने के लिए प्रेरित किया जाए।
“गिव अप अभियान” में सीकर बना उदाहरण
बैठक में मंत्री गोदारा ने बताया कि जिले में “गिव अप अभियान” को लेकर उल्लेखनीय प्रगति हुई है। अब तक 1 लाख 55 हजार 311 यूनिट्स ने स्वेच्छा से खाद्य सुरक्षा योजना का त्याग किया है। इसे उन्होंने पारदर्शिता और जन जागरूकता की दिशा में बड़ा कदम बताया।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि आयकरदाता, राज्य एवं केंद्र सरकार के कार्मिक, चारपहिया वाहनधारी और एक लाख रुपये से अधिक वार्षिक आय वाले परिवारों को स्वेच्छा से योजना से बाहर होने के लिए लगातार प्रेरित किया जाए। लक्ष्यानुरूप प्रगति नहीं होने पर अपात्र व्यक्तियों के खिलाफ विधिसम्मत कार्रवाई के निर्देश भी दिए गए।
डिजिटल सत्यापन पर जोर
श्री गोदारा ने आधार सीडिंग और ई-केवाईसी की प्रगति की समीक्षा करते हुए कहा कि डिजिटल सत्यापन से ही योजनाओं की पारदर्शिता और लक्षित वितरण सुनिश्चित होगा। उन्होंने लंबित प्रकरणों के समयबद्ध निस्तारण और स्वीकृत आवेदनों का जिला, उपखंड एवं विकास अधिकारियों द्वारा औचक सत्यापन करने के निर्देश दिए, ताकि अपात्र प्रविष्टियों की समय पर पहचान हो सके।
उचित मूल्य की दुकानें और भुगतान
खाद्य मंत्री ने जिले में संचालित उचित मूल्य की दुकानों की ब्लॉकवार स्थिति की समीक्षा की। उन्होंने राशन डीलरों के बकाया कमीशन और परिवहनकर्ताओं के लंबित भुगतानों को शीघ्र निपटाने के निर्देश दिए, ताकि वितरण प्रणाली सुचारू रूप से चल सके।
उन्होंने यह भी कहा कि 31 अक्टूबर तक जिले में नई उचित मूल्य दुकानों के सृजन की विज्ञप्ति पूरी की जाए और सभी उपखंडों में जागरूकता शिविर आयोजित कर ग्राम स्तर पर अपात्र लाभार्थियों की पहचान सुनिश्चित की जाए।
जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति
बैठक में विभागीय अधिकारियों के साथ जनप्रतिनिधि भी मौजूद रहे। मंत्री गोदारा ने एजेंडा वार बिंदुओं की ब्लॉकवार समीक्षा करते हुए गिव अप अभियान, एनएफएसए राशन कार्ड वितरण और ऑनलाइन स्थिति पर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि इस दिशा में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
खाद्य मंत्री की इस सख्त और स्पष्ट कार्ययोजना से उम्मीद है कि सीकर जिले में खाद्य सुरक्षा योजनाओं का लाभ वास्तविक जरूरतमंदों तक और अधिक पारदर्शी व प्रभावी तरीके से पहुंचेगा।