राजस्थान समाचार
सहदेव ऑनर किलिंग कांड: करिश्मा का चाचा ससुर अजमेर से गिरफ्तार
अब तक नौ आरोपी गिरफ्तार, चार्जशीट जल्द
Edited By : गौरव कोचर
टेलीग्राफ टाइम्स
जुलाई 13,2025

(हरिप्रसाद शर्मा) अजमेर/राजस्थान —
राजस्थान के बहुचर्चित सहदेव ऑनर किलिंग कांड में पुलिस ने एक और बड़ी सफलता हासिल करते हुए नौवें आरोपी को भी गिरफ्तार कर लिया है। पकड़ा गया आरोपी रामनिवास, मृतक सहदेव की पत्नी करिश्मा का चाचा ससुर बताया जा रहा है, जिसकी गिरफ्तारी इस संवेदनशील हत्याकांड की साजिश में एक और अहम कड़ी जोड़ती है।
मोबाइल ट्रैकिंग से दबोचा गया रामनिवास
सिविल लाइन थाना प्रभारी शंभूसिंह के अनुसार, रामनिवास नागौर जिले के तेजासर गांव का निवासी है। पुलिस की मानें तो वह घटना के दिन मास्टरमाइंड रामकिशोर चौधरी और वाहन चालक कैलाश राम के साथ घटनास्थल पर मौजूद था। पुलिस ने उसे सर्विलांस पर रखकर उसकी गतिविधियों पर नजर रखी। जैसे ही उसकी लोकेशन मेड़ता क्षेत्र में ट्रेस हुई, पुलिस टीम ने पीछा करते हुए उसे अजमेर से गिरफ्तार कर लिया।
प्रेम विवाह बना हत्या की वजह
गौरतलब है कि मृतक सहदेव ने करिश्मा नामक युवती से प्रेम विवाह किया था, जिससे युवती के परिवारजन नाराज थे। इसी “ऑनर” को बचाने की गलत सोच में इस जघन्य हत्या की साजिश रची गई। रिपोर्ट के मुताबिक, सहदेव को अजमेर बस स्टैंड से जबरन उठाया गया और फिर बेरहमी से पीटकर हत्या कर दी गई। उसका शव नागौर जिले के जायल क्षेत्र के एक खेत में फेंका गया था।
अब तक नौ गिरफ्तारियां, चार्जशीट जल्द
इस ऑनर किलिंग कांड में अब तक जिन आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है, वे हैं:
- बस्तीराम चौधरी
- रामकिशोर चौधरी (मास्टरमाइंड)
- रामप्रसाद चौधरी
- ललिता चौधरी
- महिपाल चौधरी
- ओमप्रकाश
- कुन्नाराम
- कैलाश राम
- रामनिवास
पुलिस अब इन सभी से गहन पूछताछ कर रही है और घटनाक्रम की सभी कड़ियाँ जोड़ रही है। थाना प्रभारी शंभूसिंह ने बताया कि मामले की चार्जशीट जल्द कोर्ट में दाखिल की जाएगी।
अन्य फरार आरोपियों की तलाश जारी
थाना प्रभारी ने बताया कि यह एक सुनियोजित और सामूहिक हत्या थी, जिसकी योजना रामकिशोर ने बनाई और अन्य परिजनों ने उसमें साथ दिया। पुलिस बाकी फरार आरोपियों की तलाश में सक्रिय है और जल्द और गिरफ्तारियाँ होने की उम्मीद जताई जा रही है।
रामनिवास की भूमिका की हो रही जांच
फिलहाल गिरफ्तार आरोपी रामनिवास से पूछताछ जारी है, ताकि उसकी भूमिका की गहराई और अन्य संभावित षड्यंत्रकारियों की पहचान की जा सके। पुलिस इस केस को फास्ट ट्रैक कोर्ट में ले जाकर दोषियों को जल्द से जल्द सख्त सजा दिलाने की तैयारी में है।

