श्रावण के झूले आज से पुष्कर में होंगे प्रारंभ, एकादशी को विशेष झूला महोत्सव
By : नरेश गुनानी
टेलीग्राफ टाइम्स
जुलाई 27,2025
(हरिप्रसाद शर्मा)
पुष्कर/अजमेर। श्रावण मास की धार्मिक आस्था और परंपराओं से ओतप्रोत झूला महोत्सव का शुभारंभ रविवार से पुष्कर की पावन भूमि पर हो रहा है। हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी यह महोत्सव श्रद्धा और भक्ति के वातावरण में मनाया जाएगा, जिसकी तैयारियां पूर्ण हो चुकी हैं।
श्रीराम वैकुंठ मंदिर के व्यवस्थापक सत्यनारायण रामावत ने जानकारी देते हुए बताया कि यह आयोजन छोटी तीज से लेकर बड़ी तीज तक अर्थात आगामी 15 दिनों तक लगातार चलेगा। इस दौरान प्रतिदिन मंदिर प्रांगण में भव्य झूलों की अलग-अलग थीम पर सजावट की जाएगी और भगवान श्रीराम का विभिन्न प्रकार से श्रृंगार किया जाएगा।
रामावत ने बताया कि मंदिर परिसर को विशेष रूप से विधुत झालरों और रंग-बिरंगी लाइटों से सजाया जाएगा, जिससे वातावरण में भक्ति का विशेष प्रभाव उत्पन्न होगा। हर दिन श्रद्धालुओं के लिए झूले दर्शन का अवसर रहेगा, लेकिन एकादशी के दिन विशेष झूले की भव्यता अद्भुत होगी।
एकादशी को होगा मुख्य आकर्षण:
इस दिन आस-पास के गाँवों के साथ ही दूर-दराज के शहरों से भी श्रद्धालु बड़ी संख्या में पहुंचते हैं। विशेष झूले पर भगवान का अत्यंत आकर्षक श्रृंगार किया जाएगा और मंदिर प्रांगण भजन-कीर्तन, रासलीला तथा सत्संग से गूंज उठेगा। श्रद्धालु झूला खींचकर पुण्य लाभ प्राप्त करते हैं।
श्रद्धालुओं की सुविधा का रखा गया विशेष ध्यान:
मंदिर समिति द्वारा सुरक्षा, स्वच्छता, पेयजल और दर्शन व्यवस्था के लिए विशेष इंतजाम किए गए हैं। महिलाएं, बच्चे और बुजुर्ग श्रद्धापूर्वक दर्शन लाभ ले सकें, इसके लिए स्वयंसेवकों की तैनाती की गई है।
झूला महोत्सव पुष्कर की धार्मिक-सांस्कृतिक पहचान बन चुका है, जो परंपरा, आस्था और सौंदर्य का अद्भुत संगम है। यह आयोजन श्रद्धालुओं के लिए न केवल एक धार्मिक अनुभव होता है, बल्कि एक सांस्कृतिक उत्सव भी बन जाता है।