वन राज्यमंत्री ने राष्ट्रीय चंबल अभयारण्य घड़ियाल पालन केंद्र देवरी मुरैना का किया अवलोकन
राजस्थान में भी चंबल नदी क्षेत्र में घड़ियाल संरक्षण के लिए होगा कार्य – वन मंत्री संजय शर्मा
27 अक्टूबर 2025
नरेश गुनानी •
जयपुर। वन एवं पर्यावरण राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) संजय शर्मा ने सोमवार को मध्यप्रदेश के मुरैना जिले के देवरी स्थित राष्ट्रीय चंबल अभयारण्य घड़ियाल पालन केंद्र का दौरा किया और वहां चल रहे संरक्षण कार्यों का अवलोकन किया।

संजय शर्मा ने घड़ियालों के संरक्षण और कृत्रिम प्रजनन की प्रक्रिया की जानकारी ली तथा वहां की गई व्यवस्थाओं की सराहना की। उन्होंने कहा कि घड़ियाल पारिस्थितिकी संतुलन बनाए रखने में अत्यंत महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। जिस प्रकार मध्यप्रदेश में चंबल नदी पर सुनियोजित तरीके से घड़ियाल संरक्षण का कार्य किया जा रहा है, उसी तर्ज पर राजस्थान में भी चंबल नदी क्षेत्र में घड़ियाल संरक्षण और पुनर्वास कार्यक्रम प्रारंभ किया जाएगा।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि राजस्थान के चंबल नदी क्षेत्र में घड़ियालों के संरक्षण, मॉनिटरिंग और आवास सुधार के लिए ठोस कार्ययोजना तैयार की जाए।
गौरतलब है कि राष्ट्रीय चंबल अभयारण्य घड़ियाल पालन केंद्र देश का प्रमुख प्रजनन केंद्र है, जहां गंभीर रूप से लुप्तप्राय प्रजाति घड़ियालों का कृत्रिम प्रजनन किया जाता है। यहां चंबल नदी के घाटों से एकत्र किए गए घड़ियालों के अंडों को सुरक्षित वातावरण में रखा जाता है। अंडों से बच्चे निकलने के बाद उन्हें लगभग तीन वर्ष तक पालन-पोषण कर प्राकृतिक रूप से मजबूत बनाया जाता है, इसके बाद उन्हें पुनः नदी में छोड़ दिया जाता है।
वन मंत्री ने कहा कि राजस्थान में चंबल नदी के किनारे बसे इलाकों में भी इस तरह की वैज्ञानिक पद्धतियों को अपनाकर घड़ियालों की संख्या बढ़ाने, उनके आवास क्षेत्र की सुरक्षा और जनसहभागिता को बढ़ावा देने की दिशा में ठोस कदम उठाए जाएंगे।