जयपुर, 13 अगस्त/ सुनील शर्मा,/राज्य सरकार वंचित वर्गों के प्रति संवेदनशीलता के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करते हुए उनके आर्थिक और सामाजिक सशक्तीकरण के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है। विमुक्त, घुमन्तू एवं अर्द्धघुमन्तू परिवार, जो समाज की विभिन्न आवश्यकताओं की पूर्ति करते हैं, उनके आवास, शिक्षा सहित अन्य बुनियादी जरूरतों पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है ताकि वे विकास की मुख्यधारा से जुड़ सकें।
यह बात मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने गुरुवार को कॉन्स्टीट्यूशन क्लब में आयोजित विमुक्त, घुमन्तू एवं अर्द्धघुमन्तू परिवारों को आवास-फ्लैट्स आवंटन समारोह को संबोधित करते हुए कही।
अंत्योदय के संकल्प से अंतिम पायदान तक राहत
मुख्यमंत्री ने कहा कि बाबा साहेब डॉ. भीमराव अम्बेडकर और पंडित दीनदयाल उपाध्याय के अंत्योदय के संकल्प को साकार करते हुए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जरूरतमंदों एवं वंचितों को संबल प्रदान कर रहे हैं। प्रधानमंत्री द्वारा सामाजिक न्याय एवं समावेशी विकास के लिए उठाए गए महत्वपूर्ण कदमों से समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति तक राहत पहुंच रही है।
उन्होंने इन समुदायों के परिवारों से अपील की कि वे अपने बच्चों और युवाओं को पढ़ाएं, योग्य बनाएं और राष्ट्र निर्माण में भागीदारी के लिए प्रोत्साहित करें। साथ ही, आमजन से भी आह्वान किया गया कि जरूरतमंद और पात्र परिवारों को सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने के लिए तत्परता से कार्य करें।
473 परिवारों को मिली खुशियों की चाबी
समारोह के दौरान मुख्यमंत्री ने चिह्नित लाभार्थियों को प्रतीकात्मक रूप से आवंटन पत्र और चाबियां सौंपी:
- जयपुर: जयसिंहपुरा खोर आवासीय योजना के तहत 473 परिवारों को एक बेडरूम-हॉल-किचन (1BHK) युक्त आवास दिए गए हैं।
- कोटा: 50 फ्लैट आवंटन के लिए तैयार हैं।
- जोधपुर: 80 भूखंड आवंटन के लिए तैयार किए गए हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि पक्के घर का यह आवंटन पत्र लाभार्थी परिवारों के सम्मान, सुरक्षा, स्थायित्व और बेहतर भविष्य का अधिकार-पत्र है। उन्होंने स्पष्ट किया कि राज्य सरकार हर जिले में आवश्यकता का आकलन कर पात्र परिवारों को आवास सूची में जोड़ने का कार्य लगातार कर रही है।
भूमि अधिकार और पट्टा वितरण में तेजी
राज्य सरकार द्वारा इन समुदायों को स्थायी आवास और भूमि अधिकार देने के लिए उठाए गए कदम:
- शहरी क्षेत्र: घुमन्तू, अर्द्धघुमन्तू, गाड़िया लोहार एवं कालबेलिया समुदाय के परिवारों को अब तक 838 भूखंड एवं 106 फ्लैट आवंटित किए गए हैं।
- मुख्यमंत्री घुमन्तू आवास योजना: इसके तहत 303 परिवारों को लाभान्वित किया जा चुका है।
- पट्टा वितरण:
- इन समुदायों के परिवारों को कुल 22,790 पट्टे वितरित किए गए हैं।
- ग्रामीण सेवा शिविरों के माध्यम से अतिरिक्त 15,412 पट्टे दिए जा चुके हैं।
- घुमन्तू, अर्द्धघुमन्तू, विमुक्त आवासहीन एवं BPL परिवारों को अब तक कुल 2 लाख 67 हजार से अधिक पट्टे जारी किए जा चुके हैं।
71 हजार से अधिक घुमन्तू पहचान प्रमाण-पत्र जारी
राजस्थान में विमुक्त, घुमन्तू एवं अर्द्धघुमन्तू समुदायों की कुल 32 जातियां अधिसूचित हैं। इनके उत्थान और सशक्तीकरण के लिए दादूदयाल घुमन्तू सशक्तीकरण योजना शुरू की गई है। पहचान सुनिश्चित करने के लिए आयोजित विशेष शिविरों के जरिए अब तक 71 हजार से अधिक घुमन्तू पहचान प्रमाण-पत्र जारी किए जा चुके हैं।
’सबका साथ-सबका विकास’ से पूरा हो रहा सपने का घर
समारोह को संबोधित करते हुए नगरीय विकास एवं स्वायत्त शासन मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) झाबर सिंह खर्रा ने कहा कि देश प्रधानमंत्री के नेतृत्व में सर्वांगीण विकास की ओर बढ़ रहा है। ‘सबका साथ-सबका विकास’ की भावना के अनुरूप प्रधानमंत्री आवास योजना और मुख्यमंत्री आवास योजना के माध्यम से आवासहीन परिवारों के अपने घर का सपना पूरा हो रहा है।
कार्यक्रम में उपस्थिति
इस अवसर पर विधि एवं न्याय मंत्री जोगाराम पटेल, सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री अविनाश गहलोत, मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास, अतिरिक्त मुख्य सचिव (नगरीय विकास एवं आवासन) आलोक गुप्ता, समाजसेवी महेन्द्र सिंह राजावत सहित कई जनप्रतिनिधि, अधिकारी और लाभार्थी परिवार उपस्थित रहे। वहीं, विधायक अतुल भंसाली, देवेन्द्र जोशी, संदीप शर्मा और कल्पना देवी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से कार्यक्रम में शामिल हुए।