गनपत चौहान
रायपुर, 15 मई 2026
छत्तीसगढ़ शासन द्वारा प्रदेश में अवैध उत्खनन के विरुद्ध अपनाए गए ‘जीरो टॉलरेंस’ के संकल्प के तहत जांजगीर-चांपा जिले में बड़ी कार्रवाई की गई है। राजस्व और खनिज विभाग की संयुक्त टीम ने रेत माफियाओं के नेटवर्क को तोड़ते हुए पांच हाईवा वाहनों को रंगे हाथों पकड़ा है।
प्रमुख क्षेत्रों में औचक दबिश
प्रशासन को लंबे समय से केवा, भादा और नवापारा घाट क्षेत्रों में अवैध रूप से रेत निकालने और उसके अवैध परिवहन की शिकायतें मिल रही थीं। इन सूचनाओं की पुष्टि के बाद, कलेक्टर के निर्देश पर एक विशेष संयुक्त जांच दल का गठन किया गया। इस टीम ने शुक्रवार को संबंधित घाटों पर घेराबंदी कर औचक निरीक्षण किया।
जब्ती और कानूनी कार्रवाई
जांच के दौरान टीम ने अवैध परिवहन में संलिप्त 5 हाईवा वाहनों को रोका। वाहन चालकों द्वारा रेत के संबंध में कोई भी वैध दस्तावेज या रॉयल्टी पर्ची प्रस्तुत न कर पाने के कारण प्रशासन ने तत्काल प्रभाव से सभी वाहनों को जब्त कर लिया।
- सुरक्षित अभिरक्षा: सभी जब्त वाहनों को अग्रिम वैधानिक कार्रवाई के लिए पुलिस लाइन जांजगीर में खड़ा कराया गया है।
- प्रतिबंधात्मक कार्रवाई: कार्रवाई के दौरान टीम के कार्य में बाधा डालने और शांति व्यवस्था को प्रभावित करने की कोशिश करने पर दो चालकों, जोहन कुमार और संतोष मिरी, के विरुद्ध भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) की सुसंगत धाराओं के तहत प्रतिबंधात्मक मामला दर्ज किया गया है।
प्रशासन की चेतावनी
जिला प्रशासन ने इस कार्रवाई के माध्यम से अवैध कारोबारियों को कड़ा संदेश दिया है। अधिकारियों के अनुसार:
”जिले में अवैध उत्खनन, परिवहन और रेत के अवैध भंडारण को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। खनिज संपदा की चोरी रोकने के लिए भविष्य में भी इसी प्रकार की आकस्मिक जांच और कठोर दंडात्मक कार्रवाइयां जारी रहेंगी।”
इस कार्रवाई से क्षेत्र के अवैध रेत कारोबारियों में हड़कंप मचा हुआ है। विभाग अब इन वाहनों के मालिकों और इस अवैध कारोबार के पीछे के मुख्य संचालकों की पहचान करने में जुटा है।