पंडित रामकिशोर शर्मा के सानिध्य में हुआ वैदिक पूजन एवं हवन; क्षेत्र में सुख-समृद्धि की कामना के साथ वितरित हुआ प्रसाद
रिपोर्ट योगेश शर्मा | जयपुर (डिग्गी-मालपुरा रोड)
जयपुर । डिग्गी-मालपुरा मार्ग स्थित रातल्या ग्राम में गुरुवार को धार्मिक आस्था, भक्ति और अपार श्रद्धा के वातावरण के बीच मां दुर्गा एवं संकटमोचन हनुमान जी की प्रतिमाओं की विधिवत एवं भव्य प्राण-प्रतिष्ठा व स्थापना संपन्न हुई। इस अवसर पर पूरा ग्रामीण अंचल ‘जय माता दी’ और ‘जय श्री राम’ के जयकारों से गुंजायमान हो उठा।
वैदिक मंत्रोच्चार के साथ संपन्न हुआ हवन-पूजन
प्रतिमा स्थापना समारोह का शुभारंभ पंडित रामकिशोर शर्मा के पावन सानिध्य में वैदिक रीतियों एवं मंत्रोच्चार के साथ हुआ। अनुष्ठान के दौरान मुख्य पूजा-अर्चना एवं हवन का आयोजन किया गया, जिसमें मास्टर घासीराम राणा ने मुख्य यजमान के रूप में पूरी विधि-विधान से पूजा संपन्न कराई और प्रतिमाओं को स्थापित करवाया।
हवन कुंड में आहुतियां देने के साथ ही उपस्थित श्रद्धालुओं ने क्षेत्र में शांति, सौहार्द, सुख-समृद्धि और खुशहाली की मंगल कामना की।
भक्तिमय माहौल में उमड़ा जनसैलाब
इस धार्मिक आयोजन में स्थानीय ग्रामीणों, परिवारजनों और दूर-दराज से आए श्रद्धालुओं ने बड़ी संख्या में भाग लिया। पूरे आयोजन के दौरान भक्ति संगीत और जयकारों से माहौल पूरी तरह अध्यात्म के रंग में रंगा नजर आया। श्रद्धालुओं ने कतारबद्ध होकर माता रानी और बजरंगबली के दर्शन कर आशीर्वाद प्राप्त किया।
आध्यात्मिक चेतना और सामाजिक सौहार्द का संदेश
कार्यक्रम के समापन पर आयोजित धर्मसभा में उपस्थित गणमान्य लोगों ने इस प्रकार के धार्मिक आयोजनों को समाज के लिए अत्यंत फलदायी बताया। वक्ताओं ने कहा कि:
- ऐसे आयोजन समाज में आध्यात्मिक चेतना का संचार करते हैं।
- इनसे आपसी भाईचारे, एकता और सांस्कृतिक मूल्यों को मजबूती मिलती है।
महाप्रसाद वितरण के साथ संपन्न हुआ समारोह
धार्मिक अनुष्ठानों की पूर्णाहूति के उपरांत उपस्थित सभी श्रद्धालुओं को महाप्रसाद वितरित किया गया।
इस पावन अवसर पर अर्जुन राणा, कानाराम राणा, नरसिंह ढोली, नंछीलाल राणा और गोगाजी सहित क्षेत्र के अनेक गणमान्य नागरिक, समाजसेवी और बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।