जयपुर /20 अगस्त/ गौरव कोचर/राज्य में कर चोरी और बिना वैध दस्तावेजों के माल परिवहन करने वालों के खिलाफ वाणिज्यिक कर विभाग ने कड़ा रुख अपनाया है। विभाग द्वारा पूरे प्रदेश में चलाए जा रहे सघन वाहन जांच अभियान के तहत नियमों की अनदेखी करने वाले ट्रांसपोर्टरों पर लगातार कार्रवाई की जा रही है। अगस्त माह में अब तक प्रदेश के विभिन्न जिलों से कुल 13 परिवहन वाहनों को डिटेन किया जा चुका है।
इन 8 जिलों में हुई सघन जांच
विभागीय टीमों ने राज्य के प्रमुख व्यापारिक और परिवहन मार्गों पर नाकाबंदी कर वाहनों के ई-वे बिल और इनवॉइस की जांच की। यह कार्रवाई मुख्य रूप से निम्नलिखित जिलों में की गई:
- जयपुर
- भीलवाड़ा
- चित्तौड़गढ़
- नागौर
- बीकानेर
- दौसा
- धौलपुर
- कोटा
कार्रवाई की जद में आए प्रमुख ट्रांसपोर्टर्स
जांच के दौरान दस्तावेजों में खामियां और कर नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर कई प्रतिष्ठित परिवहन कंपनियों के वाहन जब्त किए गए हैं, जिनमें शामिल हैं:
- ओम शिव ट्रांसपोर्ट कंपनी
- कोहितूर ट्रांसपोर्ट एलएलपी
- जड़िया ट्रांसपोर्ट कंपनी
- सांवरिया पैकर्स एंड मूवर्स
- गिरिराज कार्गो प्राइवेट लिमिटेड
- जैन सुपर कार्गो मूवर्स
- विकास ट्रैवल्स (भीलवाड़ा)
- एस.के. ट्रांसपोर्ट कंपनी
- जी.सी. कैरियर एवं अन्य
परिवहनकर्ताओं और व्यापारियों को सख्त निर्देश
वाणिज्यिक कर विभाग ने स्पष्ट किया है कि राजस्व हानि (रेवेन्यू लीकेज) को रोकने के लिए यह अभियान आगे भी निरंतर जारी रहेगा। विभाग ने सभी व्यापारियों और ट्रांसपोर्टरों को सख्त हिदायत दी है कि माल परिवहन के दौरान निम्नलिखित दस्तावेज अनिवार्य रूप से साथ रखें:
- वैध टैक्स इनवॉइस / बिल
- कंसाइनमेंट नोट (बिल्टी)
- वैध ई-वे बिल (E-Way Bill)
दस्तावेजों में कमी, विसंगति या कर चोरी का मामला सामने आने पर वाहन मालिक, ट्रांसपोर्टर और संबंधित करदाता तीनों के खिलाफ नियमानुसार सख्त वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। विभाग ने सभी हितधारकों से पारदर्शी एवं नियमों के तहत व्यापारिक गतिविधियां संचालित करने की अपील की है।