सुनील शर्मा
जयपुर, 25 मई। राजस्थान के राज्यपाल हरिभाऊ बागडे सोमवार को कनक घाटी स्थित प्रसिद्ध राधा माधव मंदिर पहुंचे। मंदिर आगमन पर उन्होंने देश और प्रदेशवासियों के सुख, समृद्धि और कल्याण की कामना करते हुए भगवान राधा माधव के दर्शन किए और विशेष पूजा-अर्चना की।
दर्शन के उपरांत राज्यपाल मंदिर परिसर में आयोजित भव्य सामूहिक यज्ञोपवीत संस्कार कार्यक्रम में सम्मिलित हुए। इस धार्मिक एवं सांस्कृतिक समारोह में उन्होंने नव-दीक्षित बटुकों को अपना स्नेहिल आशीर्वाद दिया और परंपरा अनुसार उन्हें दक्षिणा भेंट की।
जनेऊ मात्र धागा नहीं, अनुशासन का प्रतीक: राज्यपाल
समारोह को संबोधित करते हुए हरिभाऊ बागडे ने यज्ञोपवीत (जनेऊ) के आध्यात्मिक और सामाजिक महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा:
”जनेऊ मात्र एक सूत का धागा नहीं है, बल्कि यह हमारी महान सनातन संस्कृति, उच्च आदर्शों और जीवन में आत्म-अनुशासन का जीवंत प्रतीक है। यह हमें अपने कर्तव्यों के प्रति सचेत रखता है।”
उन्होंने उपस्थित बटुकों से आह्वान किया कि वे जीवन भर धर्म और सत्य के मार्ग पर चलें, अपने से बड़ों का आदर करें और समाज में ज्ञान, सदाचार व सेवा का प्रकाश फैलाएं।
समारोह में रहा उत्सव का माहौल
कनक घाटी स्थित राधा माधव मंदिर परिसर में आयोजित इस सामूहिक संस्कार के दौरान वैदिक मंत्रोचार से पूरा वातावरण गुंजायमान रहा। कार्यक्रम में बटुकों के परिजनों सहित बड़ी संख्या में स्थानीय श्रद्धालु और गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे, जिन्होंने राज्यपाल की गरिमामयी उपस्थिति का स्वागत किया।