जयपुर/नरेश गुनानी/राजस्थान में मादक पदार्थों की तस्करी पर प्रभावी अंकुश लगाने के लिए राजस्थान पुलिस ने एक विशेष रणनीति तैयार की है। इसके तहत अब राज्य स्तर पर पुलिस की एंटी नारकोटिक कार्रवाइयों की साप्ताहिक समीक्षा की जाएगी। पुलिस महानिदेशक राजीव कुमार शर्मा के निर्देशानुसार पुलिस मुख्यालय में प्रत्येक बुधवार को समीक्षा बैठक आयोजित होगी।
प्रथम साप्ताहिक समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए पुलिस महानिदेशक राजीव शर्मा ने पुलिस अधिकारियों को मादक पदार्थों के नेटवर्क और इसमें लिप्त अपराधियों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि नशे के कारोबार से जुड़े किसी भी अपराधी को बख्शा नहीं जाएगा।
बैठक के प्रमुख बिंदु एवं निर्देश:
- नेटवर्क और सप्लाई चेन पर प्रहार: डीजीपी ने निर्देश दिए कि कार्रवाई केवल नशे की बरामदगी या गिरफ्तारी तक सीमित न रहे, बल्कि मादक पदार्थों की तस्करी के स्रोत, पूरी सप्लाई चेन और इसके पीछे सक्रिय मुख्य सरगनाओं को चिह्नित कर संपूर्ण नेटवर्क को ध्वस्त किया जाए।
- सात माह में रिकॉर्ड कार्रवाई: समीक्षा में बताया गया कि गत वर्ष की तुलना में वर्ष 2026 के शुरुआती सात महीनों में ही सर्वाधिक एंटी नारकोटिक कार्रवाइयां दर्ज की गई हैं।
- हॉटस्पॉट की पहचान व निगरानी: सभी जिलों में नशे के संवेदनशील क्षेत्रों (हॉटस्पॉट्स) को चिह्नित कर वहां निरंतर निगरानी रखने और तस्करों व उनके मददगारों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई करने को कहा गया है।
- आधारभूत ढांचे का सुदृढ़ीकरण: प्रदेश में एंटी नारकोटिक अभियानों को गति देने के लिए सूचना तंत्र, निगरानी व्यवस्था और तकनीकी ढांचे को और अधिक सशक्त बनाया जा रहा है ताकि विभिन्न एजेंसियों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित हो सके।
- युवाओं के लिए विशेष जागरूकता अभियान: युवाओं को नशे के दुष्प्रभावों से बचाने के लिए प्रदेश के सभी जिलों में स्कूल एवं कॉलेजों में 19 से 31 अगस्त तक विशेष जन-जागरूकता अभियान चलाने के दिशा-निर्देश दिए गए हैं।
हर बुधवार होगा प्रगति का मूल्यांकन
डीजीपी ने कहा कि संबंधित विभागों के आपसी समन्वय से एक मजबूत कार्ययोजना लागू की जाएगी। प्रत्येक बुधवार होने वाली उच्चस्तरीय बैठक में जिलों की प्रगति, दर्ज प्रकरणों, गिरफ्तारियों, मादक पदार्थों की जब्ती और नेटवर्क के खिलाफ उठाए गए कदमों की विस्तृत समीक्षा की जाएगी।
बैठक में महानिरीक्षक पुलिस (अपराध शाखा) शरत कविराज, उप महानिरीक्षक पुलिस (कार्मिक एवं प्रमुख स्टाफ ऑफिसर) कुंवर राष्ट्रदीप, उप महानिरीक्षक पुलिस (एएनटीएफ) अभिजीत सिंह तथा पुलिस अधीक्षक (एएनटीएफ) अमित जैन सहित कई वरिष्ठ पुलिस अधिकारी उपस्थित रहे।