नरेश गुनानी
जयपुर, 18 जून 2026। राजस्थान के उपमुख्यमंत्री एवं आयुष मंत्री डॉ. प्रेमचंद बैरवा ने प्रदेशवासियों से योग को अपनी दैनिक दिनचर्या का एक अनिवार्य हिस्सा बनाने का आह्वान किया है। उन्होंने कहा कि योग केवल शारीरिक स्वास्थ्य को ठीक रखने का माध्यम नहीं है, बल्कि यह एक संतुलित, सकारात्मक और अनुशासित जीवन जीने की बेहद प्रभावी साधना है।
आवास पर किया योगाभ्यास
गुरुवार सुबह उपमुख्यमंत्री डॉ. प्रेमचंद बैरवा ने जयपुर स्थित अपने राजकीय आवास के उद्यान परिसर में परिवार और अपने सहायकों के साथ विभिन्न योगासनों, प्राणायाम तथा ध्यान क्रियाओं का अभ्यास किया। योगाभ्यास के बाद उन्होंने अपने अनुभव साझा करते हुए कहा कि नियमित रूप से योग करने से शरीर को नई ऊर्जा मिलती है, मन को स्थिरता प्राप्त होती है और पूरे जीवन में एक बेहतरीन संतुलन आता है। योग मानसिक शांति, एकाग्रता और आत्मविश्वास को भी मजबूत बनाता है।
अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर जनआंदोलन बनाने की अपील
आगामी अंतरराष्ट्रीय योग दिवस (21 जून) का जिक्र करते हुए आयुष मंत्री ने प्रदेश की जनता से अपील की कि वे राज्य स्तरीय कार्यक्रमों में अधिक से अधिक संख्या में भाग लें। उन्होंने कहा कि सामूहिक भागीदारी से ही योग को एक जनआंदोलन का रूप दिया जा सकता है।
स्वस्थ जीवनशैली का बने स्थायी आधार
डॉ. बैरवा ने इस बात पर विशेष जोर दिया कि योग को केवल किसी एक विशेष दिन या दिवस तक सीमित नहीं रखा जाना चाहिए। इसके बजाय, इसे अपनी रोजमर्रा की आदतों में शामिल कर एक स्वस्थ जीवनशैली का स्थायी आधार बनाया जाना चाहिए, ताकि एक स्वस्थ और समृद्ध समाज का निर्माण हो सके।