मुरलीपुरा पुलिस की बड़ी कामयाबी: कानोता थाने का हिस्ट्रीशीटर ‘किशु’ गिरफ्तार, 100 फुटेज खंगालने के बाद सलाखों के पीछे पहुँचा शातिर नकबजन
जयपुर | 10 जनवरी, 2026
| गौरव कोचर
जयपुर पश्चिम की मुरलीपुरा थाना पुलिस ने संपत्ति संबंधी अपराधों के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत एक बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने लगातार चार सूने मकानों और स्कूलों में चोरी करने वाले शातिर नकबजन केशु उर्फ किशु सिंगीवाल को गिरफ्तार किया है। पकड़ा गया आरोपी कानोता थाने का हिस्ट्रीशीटर है, जिस पर लूट और नकबजनी के 19 मुकदमे पहले से दर्ज हैं।

सीसीटीवी कैमरों पर टोपी लगाकर बदल देता था दिशा
पुलिस पूछताछ में सामने आया कि आरोपी केशु बेहद शातिर तरीके से वारदातों को अंजाम देता था। वह पहचान छुपाने के लिए आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों पर टोपी लगा देता था या उनकी दिशा बदल देता था। वह दिन में ऑटो लेकर गलियों में घूमता था और ताला लगे सूने मकानों व स्कूलों की रेकी करता था। इसके बाद आधी रात को ताला तोड़कर सोने-चांदी के जेवरात और नकदी पर हाथ साफ कर देता था।
चोरी के माल से बनाया नया मकान
पुलिस जांच में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है कि आरोपी ने चोरी के जेवरात को दिल्ली और स्थानीय फुटकर व्यापारियों को बेचकर मिले रुपयों से खुद के लिए एक नया मकान तक बनवा लिया था। पुलिस ने वारदातों में प्रयुक्त होने वाले आरोपी के ऑटो को भी जब्त कर लिया है। आरोपी ने मुरलीपुरा क्षेत्र के वंदना स्कूल, एसवीवीएम स्कूल और चरण नदी इलाके में चोरी की वारदातों को अंजाम देना स्वीकार किया है।
100 से अधिक सीसीटीवी फुटेज और तकनीकी पीछा
पुलिस उपायुक्त (पश्चिम) हनुमान प्रसाद के निर्देशानुसार थानाधिकारी वीरेन्द्र कुरील के नेतृत्व में एक विशेष टीम गठित की गई थी। टीम ने क्षेत्र के 100 से अधिक सीसीटीवी फुटेज खंगाले और ऑटो का तकनीकी आधार पर आगरा रोड तक पीछा किया। गहन मॉनिटरिंग के बाद बगराना निवासी आरोपी को दस्तयाब कर गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से चोरी का कुछ माल भी बरामद कर लिया है।
गिरफ़्तार अभियुक्त का विवरण
- नाम: केशु उर्फ किशु (25 वर्ष)
- निवासी: कच्ची बस्ती, बगराना, थाना कानोता, जयपुर।
- अपराधिक रिकॉर्ड: चोरी, लूट और नकबजनी के 19 प्रकरण दर्ज।
पुलिस टीम की भूमिका
इस कार्रवाई को अंजाम देने वाली टीम में झाबरमल (सउनि), पुरणमल, रोहिताश्व, सन्नी, रविशंकर (कानि) और दिनेश (हैडकानि, तकनीकी शाखा) शामिल रहे।
पुलिस अब आरोपी से गहनता से पूछताछ कर रही है, जिससे जयपुर शहर के अन्य थानों में हुई चोरी की वारदातों के खुलने की भी प्रबल संभावना है।

