मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने राष्ट्रकवि मैथिलीशरण गुप्त की पुण्यतिथि पर अर्पित की श्रद्धांजलि
रायपुर, 12 ,दिसंबर 2025
| रिपोर्ट गणपत चौहान, छत्तीसगढ़
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने राष्ट्रकवि मैथिलीशरण गुप्त की पुण्यतिथि (12 दिसंबर) की पूर्व संध्या पर उन्हें विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित की।
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि मैथिलीशरण गुप्त ने खड़ी बोली हिंदी को न केवल काव्य की ऊँचाई प्रदान की, बल्कि उसे राष्ट्रीय चेतना का प्रबल माध्यम भी बनाया। स्वतंत्रता संग्राम के कठिन दौर में उनकी रचनाओं ने देशभक्ति, स्वाभिमान और सामाजिक जागरण की ऐसी चिंगारी जलाई, जिसने जनता के मन में आज़ादी का संकल्प और भी दृढ़ किया।
उन्होंने कहा कि गुप्त जी की कालजयी कृति भारत-भारती सहित अनेक काव्य-रचनाएँ आज भी राष्ट्रभावना, सांस्कृतिक मूल्यों और सामाजिक आदर्शों के संवर्धन में अमूल्य योगदान दे रही हैं। इन्हीं उत्कृष्ट सेवाओं और साहित्यिक तपस्या के चलते उन्हें ससम्मान ‘राष्ट्रकवि’ की उपाधि प्रदान की गई।
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि उनका साहित्य भारतीय समाज की संवेदनाओं, मूल्यों और राष्ट्रीय चरित्र का सजीव दस्तावेज है। उनकी कविताएँ आने वाली पीढ़ियों को सतत प्रेरणा, आदर्श और मार्गदर्शन देती रहेंगी।

