मुख्यमंत्री मंगला पशु बीमा योजना में गांवों में लगाए जा रहे हैं विशेष शिविर, सोमवार से हुआ अभियान का शुभारंभ
│नरेश गुनानी
01 दिसम्बर 2025
जयपुर।
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व और पशुपालन, गोपालन, डेयरी एवं देवस्थान मंत्री जोराराम कुमावत के निर्देशन में प्रदेश सरकार पशुधन संरक्षण को नई दिशा देने के लिए प्रतिबद्ध है। इसी उद्देश्य से पशुपालकों के आर्थिक हितों को ध्यान में रखते हुए मुख्यमंत्री मंगला पशु बीमा योजना को प्रभावी रूप से लागू किया जा रहा है। वर्ष 2025-26 के लिए राज्य में 21 लाख पशुओं का निःशुल्क बीमा किए जाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
फ़ोटो टेलीग्राफ टाइम्स
पहले दिन अजमेर जिले में दो भैंसों का बीमा
जोराराम कुमावत ने बताया कि वर्ष 2025-26 के लिए बीमा कार्य का शुभारंभ सोमवार को हो गया है। इस वर्ष का पहला बीमा अजमेर जिले के जीरोता गांव की सुरता देवी की दो भैंसों का किया गया, जिसके साथ ही पूरे प्रदेश में अभियान औपचारिक रूप से शुरू हो गया।
प्रक्रिया आसान— इस बार ‘पहले आओ, पहले पाओ’
उन्होंने बताया कि बीमा प्रक्रिया को तेज और सरल बनाने के लिए कई बदलाव किए गए हैं।
- इस बार बीमा पहले आओ, पहले पाओ के आधार पर किया जाएगा, जबकि पिछले वर्ष लॉटरी प्रणाली लागू थी।
- पशु चिकित्सक और सर्वेयर एक साथ कार्य करेंगे। इससे पशुओं का स्वास्थ्य प्रमाण पत्र जारी करते ही बीमा पॉलिसी भी तुरंत उपलब्ध हो जाएगी।
- इससे पशुपालकों को तुरंत लाभ मिलेगा और संपूर्ण प्रक्रिया में गति आएगी।
हर राजस्व गांव में विशेष शिविर
सोमवार से प्रदेश के प्रत्येक राजस्व गांव में योजनाबद्ध तरीके से शिविर आयोजित किए जा रहे हैं, ताकि पशुपालक प्रारंभिक चरण में ही योजना का लाभ प्राप्त कर सकें। इस वर्ष एक पशुपालक, एक जन आधार के आधार पर—
- दो गाय,
- दो भैंस,
- अथवा एक गाय और एक भैंस,
- 10 ऊंट,
- 10 भेड़
- या 10 बकरियों का निःशुल्क बीमा करवा सकता है।
मोबाइल एप और ई-मित्र से भी पंजीकरण
योजना के लिए मंगला पशु बीमा योजना 25-26 का मोबाइल एप गूगल प्ले स्टोर पर उपलब्ध है। पशुपालक जन आधार का उपयोग कर कुछ ही मिनटों में अपने पशुओं का पंजीकरण स्वयं कर सकते हैं। इसके अलावा ई-मित्र केंद्र के माध्यम से भी 30 रुपये शुल्क देकर पंजीकरण कराया जा सकता है।