“माँ की गोद में ‘मौत’ का सामान” – झालावाड़ पुलिस ने उजागर किया नशे का खौफनाक पारिवारिक रैकेट
जयपुर, 21 अगस्त (टेलीग्राफ टाइम्स)। राजस्थान के झालावाड़ जिले में 19 अगस्त को पुलिस ने नशे के सौदागरों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए एक पारिवारिक रैकेट का पर्दाफाश किया। कार्रवाई के दौरान पुलिस ने एक वाहन से 3 करोड़ 15 लाख रुपए मूल्य की 1.574 किलोग्राम उच्च गुणवत्ता वाली स्मैक बरामद की। चौंकाने वाली बात यह रही कि तस्करों ने इस खेप को ले जाने में महिलाओं और मासूम बच्चे को ढाल बनाया था। पुलिस ने मौके से दो पुरुष और चार महिलाओं को गिरफ्तार किया, वहीं नेटवर्क के दो मुख्य सरगना भी दबोच लिए गए।
कैसे हुआ खुलासा?
जिला पुलिस अधीक्षक अमित कुमार ने बताया कि जिले में संगठित अपराध और मादक पदार्थों की तस्करी पर नकेल कसने के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (महिला अपराध अनुसंधान सेल) बाबूलाल मीणा के निर्देशन में असनावर थाना पुलिस ने 19 अगस्त की रात अकलेरा रोड पर नाकाबंदी की। इसी दौरान एक संदिग्ध इको कार पकड़ी गई। कार में बैठे दो पुरुष और चार महिलाएं घबराई हुई दिखीं। एक महिला की गोद में बच्चा भी था, जिससे शुरुआत में किसी को शक नहीं हुआ।
तलाशी के दौरान सीटों के नीचे और गुप्त स्थानों से 1.574 किलो स्मैक बरामद हुई। अंतरराष्ट्रीय बाजार में इसकी कीमत लगभग 3.15 करोड़ रुपए बताई गई। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि खेप घाटोली निवासी हेमंत तंवर से ली गई थी और जयपुर के रामनगर निवासी राजू उर्फ राजेश को सौंपी जानी थी।
मुख्य सरगना भी गिरफ्त में
पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए दो टीमों का गठन किया। पहली टीम ने घाटोली में दबिश देकर मुख्य आपूर्तिकर्ता हेमंत तंवर को पकड़ा, वहीं दूसरी टीम ने जयपुर जाकर राजू उर्फ राजेश को हिरासत में लिया। आरोपियों ने कबूल किया कि वे अक्सर महिलाओं और बच्चों को साथ रखते थे ताकि पुलिस की चेकिंग से बचा जा सके।
गिरफ्तार आरोपी
गिरफ्तार आरोपियों में शामिल हैं –
- गोरधन पुत्र चम्पालाल तंवर (27), निवासी कंवरपुरा थाना घाटोली
- फुलचंद पुत्र भैरुलाल भील (35)
- अंजना बाई पत्नी बनवारी लाल भील (23)
- कैला बाई पत्नी सुजान सिंह भील (40)
- ममता बाई पत्नी फुलचंद भील (28)
- गीता बाई पत्नी सोहन लाल (35), निवासी झीकडिया थाना घाटोली
इसके अलावा हेमंत तंवर पुत्र प्रभुलाल निवासी दुर्जनपुरा हाल घाटोली और राजू उर्फ राजेश पुत्र लालाराम सांसी (45) निवासी रामनगर, जयपुर को भी पुलिस ने हिरासत में लिया है।
पुलिस टीम का योगदान
इस पूरे ऑपरेशन को सफल बनाने में जिला स्पेशल टीम और विभिन्न थाना पुलिस की अहम भूमिका रही।
- जिला स्पेशल टीम: प्रभारी एएसआई विश्वनाथ सिंह, हैड कांस्टेबल सुरेंद्र गुर्जर, कांस्टेबल लेखराज, भरतराज, रामलाल, दौलत राम, जयकिशन, चालक ललित शर्मा और साइबर सैल के कांस्टेबल रवि सेन।
- थाना असनावर: थानाधिकारी मोहनचंद, एएसआई भंवर सिंह, हैड कांस्टेबल सत्यनारायण, केसरदेव, निरंजन, महिला कांस्टेबल ऊषा, बाबूलाल और चालक भरत।
- थाना कोतवाली: निरीक्षक मुकेश चौधरी, एएसआई रमेश चंद, कांस्टेबल चंद्रशेखर, अनिल कुमार और जनरैल सिंह।
पुलिस अब इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की तलाश कर रही है। गिरफ्तार आरोपियों से गहन पूछताछ जारी है ताकि इस अवैध धंधे की जड़ों तक पहुंचा जा सके।