प्रीति बालानी
नई दिल्ली: भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने देश के विभिन्न हिस्सों में भारी बारिश और गरज के साथ छींटे पड़ने की चेतावनी जारी की है। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, वर्तमान में भारतीय वायुमंडल में 6 अलग-अलग चक्रवाती परिसंचरण (Cyclonic Circulations) सक्रिय हैं, जो अगले 7 दिनों तक मौसम को प्रभावित करेंगे।
मौसम की बड़ी बातें
- सक्रिय सिस्टम: देश के ऊपर एक साथ 6 साइक्लोनिक सर्कुलेशन और एक ट्रफ लाइन (राजस्थान से तमिलनाडु तक) बनी हुई है।
- 7 दिनों का अलर्ट: उत्तर-पश्चिम से लेकर दक्षिण भारत तक अगले एक सप्ताह तक मौसम खराब रहने की संभावना है।
- तेज हवाएं: कई राज्यों में 40 से 60 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं और अंधड़ चलने की चेतावनी है।
राज्यों के अनुसार पूर्वानुमान
1. उत्तर-पश्चिम भारत (राजस्थान, पंजाब, हरियाणा)
पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) के प्रभाव से राजस्थान, पंजाब, हरियाणा और दिल्ली में 6 मई तक गरज-चमक के साथ बारिश और ओलावृष्टि की संभावना है। राजस्थान के कुछ इलाकों में धूलभरी आंधी (Duststorm) चलने का भी अनुमान है।
2. उत्तर-पूर्वी और पूर्वी भारत (बंगाल, बिहार, ओडिशा)
- पश्चिम बंगाल और सिक्किम: यहाँ सबसे अधिक प्रभाव दिखेगा, जहाँ ‘भारी से बहुत भारी’ बारिश का अलर्ट जारी किया गया है।
- बिहार और झारखंड: इन राज्यों में अगले 5-7 दिनों तक रुक-रुक कर बारिश और वज्रपात (Lightning) की आशंका है।
3. मध्य और दक्षिण भारत
- मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़: यहाँ छिटपुट बारिश के साथ ओलावृष्टि (Hailstorm) होने की संभावना है।
- केरल और तमिलनाडु: दक्षिण भारत के इन राज्यों में 8 मई तक लगातार भारी बारिश का दौर जारी रह सकता है।
प्रशासन की सलाह
मौसम विभाग ने किसानों को कटी हुई फसलों को सुरक्षित स्थानों पर रखने और आम जन को आंधी-तूफान के समय पेड़ों या बिजली के खंभों के नीचे शरण न लेने की सलाह दी है। विशेष रूप से पहाड़ी क्षेत्रों (उत्तराखंड और हिमाचल) में भूस्खलन के खतरे को देखते हुए यात्रियों को सतर्क रहने को कहा गया है।
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क्षेत्र |
मुख्य प्रभाव |
अवधि |
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उत्तर भारत |
आंधी, ओलावृष्टि, हल्की बारिश |
3 – 6 मई |
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पूर्वोत्तर भारत |
भारी से बहुत भारी बारिश |
3 – 7 मई |
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दक्षिण भारत |
लगातार बारिश, थंडरस्टॉर्म |
8 मई तक |
आगामी 4 और 5 मई को पश्चिम बंगाल, ओडिशा और बिहार में 50-70 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से ‘थंडरस्क्वाल’ (भीषण तूफान) आने की भी चेतावनी है।