भाई दूज 2025 समारोह एसपीजी सभागार जयपुर में संपन्न — धार्मिक, सामाजिक और पारिवारिक मूल्यों के सुदृढ़ीकरण का दिया संदेश
लोकेंद्र सिंह शेखावत •
जयपुर, 25 अक्टूबर। सोसाइटी फॉर पब्लिक ग्रीवांसेस (एसपीजी), इंडिया की ओर से ‘भाई दूज 2025’ का भव्य आयोजन शनिवार को एसपीजी सभागार, चौड़ा रास्ता, जयपुर में संपन्न हुआ। यह कार्यक्रम संस्था के धार्मिक, सामाजिक और पारिवारिक संबंधों को मजबूत करने के उद्देश्य से चलाए जा रहे विशेष अभियान के अंतर्गत आयोजित किया गया।
धार्मिक परंपराओं के संरक्षण का आह्वान
एसपीजी इंडिया के अध्यक्ष प्रो. बी.डी. रावत ने बताया कि इस आयोजन का उद्देश्य पारंपरिक भारतीय पर्वों के माध्यम से समाज में पारिवारिक एकता और आपसी सौहार्द को बढ़ावा देना है।
संस्था के सचिव डॉ. गोविंद रावत (वरिष्ठ अधिवक्ता) ने कहा कि युवा पीढ़ी को भारतीय धार्मिक ग्रंथों का अध्ययन अवश्य करना चाहिए ताकि वे पारिवारिक मूल्यों और सामाजिक उत्तरदायित्वों को समझ सकें।
भाई-बहन के पवित्र संबंध का उत्सव
महिला प्रकोष्ठ की अध्यक्ष गिरराज देवी और संयोजक डॉ. गुंजन रावत ने बताया कि कार्यक्रम में सभी बहनों ने अपने भाइयों को तिलक लगाकर, आरती उतारकर उनके दीर्घायु और सुख-समृद्धि की कामना की। भाइयों ने भी अपनी बहनों की रक्षा का संकल्प लिया।
समिति सदस्य सोनल पटोडिया और सीए प्रियांका कट्टा ने कहा कि सभी एसपीजी सदस्यों ने भारतीय पर्वों की परंपरा को आगे बढ़ाने और उनके संरक्षण एवं प्रचार-प्रसार की शपथ ली। उन्होंने कहा कि आधुनिक एआई युग में पारिवारिक बंधन को बनाए रखने के लिए ऐसे पारंपरिक पर्वों का सामूहिक रूप से मनाया जाना अत्यंत आवश्यक है।
पौराणिक परंपरा से जुड़ी मान्यता
कार्यक्रम में वक्ताओं ने भाई दूज पर्व की पौराणिक कथा का उल्लेख करते हुए बताया कि बहन सुधारा ने भगवान श्रीकृष्ण का विजय तिलक किया था और बहन यमुना जी ने अपने भाई यमराज का तिलक किया था। उसी परंपरा को आज भी भाई दूज पर्व के रूप में मनाया जाता है, जो भाई-बहन के स्नेह और सुरक्षा के अटूट रिश्ते का प्रतीक है।
उत्साहपूर्ण सहभागिता
इस अवसर पर एल.एल. गुप्ता, कृष्ण अवतार खंडेलवाल, राम अवतार, ललित, राजेश, श्रीमती द्रोपदी देवी, माया देवी, कमला देवी, चंदा, विमला सहित 80 से अधिक प्रतिभागियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। कार्यक्रम का समापन सामूहिक मंगल कामना और भारतीय संस्कृति के संरक्षण के संकल्प के साथ हुआ।