प्रदेश के विद्यार्थी अब होंगे अपने मताधिकार और नैतिक मतदान के प्रति जागरूक
रिपोर्ट प्रीति बालानी। संपादन नरेश गुनानी। टेलीग्राफ टाइम्स
25 अगस्त 2025, 05:04 PM, जयपुर – निर्वाचन साक्षरता एवं मतदाता जागरूकता के क्षेत्र में निर्वाचन विभाग और स्कूल शिक्षा विभाग के बीच सोमवार को शासन सचिवालय, जयपुर में ऐतिहासिक एमओयू हुआ। मुख्य निर्वाचन अधिकारी नवीन महाजन और शासन सचिव, स्कूल शिक्षा विभाग कृष्ण कुणाल ने इस समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए।

इस संयुक्त एमओयू के तहत राज्य के समस्त माध्यमिक और उच्च माध्यमिक स्तर के राजकीय और निजी विद्यालयों में भारत निर्वाचन आयोग की संकल्पना को साकार करते हुए स्कूल निर्वाचन साक्षरता क्लब (ELC) का सुदृढ़ीकरण और ईएलसी गतिविधियों का सुचारू संचालन सुनिश्चित किया जाएगा।
बैठक की अध्यक्षता करते हुए मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि राज्य में स्कूल शिक्षा विभाग के पर्यवेक्षण में राजकीय और निजी विद्यालयों में कक्षा 9 से 12 के विद्यार्थियों को शामिल करते हुए निर्वाचन साक्षरता क्लब गठित किए जा रहे हैं। इन क्लबों की ऑनलाइन मॉनिटरिंग के लिए शाला दर्पण पोर्टल और प्राइवेट स्कूल पोर्टल पर ऑनलाइन ईएलसी एंट्री मॉड्यूल उपलब्ध कराया गया है। राजस्थान देश का पहला राज्य है, जिसने स्कूल ईएलसी के सुदृढ़ीकरण हेतु डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर विकसित किया है।

कक्षा 9 से 12 में अध्ययनरत 17 वर्ष के समस्त विद्यार्थियों का अग्रिम रूप से मतदाता पंजीकरण आसान होगा और 18 वर्ष की आयु पूर्ण करते ही विद्यार्थियों को उनका मतदाता पहचान पत्र प्राप्त होगा। इससे वे आगामी चुनावों में सक्रिय मतदाता के रूप में अपना कर्तव्य निभा सकेंगे।
एमओयू का उद्देश्य विद्यालय स्तर पर मतदाता शिक्षा, जागरूकता और लोकतांत्रिक मूल्यों के प्रति विद्यार्थियों को जागरूक करना और भावी मतदाताओं में निर्वाचन प्रक्रिया की समझ विकसित करना है। भविष्य में भारत निर्वाचन आयोग और शिक्षा मंत्रालय के निर्देशन में एनसीईआरटी द्वारा विकसित मतदाता शिक्षा से संबंधित पाठ्यक्रम को राज्य की स्कूल शिक्षा में शामिल किया जाना प्रस्तावित है।
शासन सचिव, स्कूल शिक्षा विभाग ने कहा कि इस एमओयू से विद्यार्थियों के समग्र विकास की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाए जा रहे हैं। इस सत्र 2025-26 के शिविरा कैलेंडर में ईएलसी गतिविधियों को शामिल किया गया है। राष्ट्रीय शिक्षा नीति के तहत मतदाता जागरूकता से संबंधित अध्याय जोड़े जा रहे हैं। राज्य के विद्यालयों में संचालित ईएलसी क्लब और आयोजित गतिविधियों की शाला दर्पण पोर्टल के माध्यम से दोनों विभागों द्वारा विभिन्न स्तर पर सतत मॉनिटरिंग की जा रही है।
एमओयू के माध्यम से निर्वाचन विभाग और स्कूल शिक्षा विभाग ने संकल्प लिया कि विद्यालयों में निर्वाचन साक्षरता के लिए अनुकूल वातावरण विकसित कर विद्यार्थियों को उनके वोट के महत्व और मूल्य के बारे में प्रभावी रूप से शिक्षित किया जाएगा और सशक्त लोकतंत्र की ओर अग्रसर किया जाएगा।
यूथ चला बूथ का विमोचन
इस अवसर पर मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने निर्वाचन विभाग द्वारा शुरू की गई त्रैमासिक विभागीय पत्रिका “यूथ चला बूथ” का विमोचन भी किया। यह पत्रिका विशेष रूप से युवा मतदाताओं पर केंद्रित है और इसमें प्रमुख रूप से ईएलसी यानी निर्वाचन साक्षरता क्लब में होने वाली जागरूकता गतिविधियों को शामिल किया जाएगा।
कार्यक्रम में राज्य परियोजना निदेशक, समग्र शिक्षा अभियान (एसएमएसए), राजस्थान शिक्षा परिषद और आयुक्त, स्कूल शिक्षा अनुपमा जोरवाल एवं संयुक्त मुख्य निर्वाचन अधिकारी रौनक बैरागी सहित दोनों विभागों के अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।