सीकर/ गौरव कोचर/नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (एनसीबी) द्वारा नशीले पदार्थों की तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत एनसीबी जयपुर जोनल यूनिट को बड़ी सफलता मिली है। नीमकाथाना (सीकर) स्थित विशेष एनडीपीएस न्यायालय ने अंतरराज्यीय मादक पदार्थ तस्करी के मामले में आरोपी को दोषी ठहराते हुए 10 वर्ष के कठोर कारावास और जुर्माने की सजा सुनाई है।
मामले का विवरण
एनसीबी उप-जोनल यूनिट अजमेर को मिली सटीक खुफिया सूचना के आधार पर नीमकाथाना कस्बे के रीको औद्योगिक क्षेत्र में धानी पुचाला वाली मोड़, कजारिया शोरूम के पास स्थित एक गोदाम पर छापा मारा गया था। तलाशी के दौरान गोदाम से 301 प्लास्टिक की बोरियों में छिपाकर रखी गई कुल 6,888.280 किलोग्राम अवैध पोस्त भूसी (डोडा पोस्त) बरामद की गई थी।
दोषी और न्यायालय का फैसला
सत्र न्यायालय (एनडीपीएस), नीमकाथाना ने साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर आरोपी सुरेश कुमार, निवासी जस्रापुर (वार्ड नंबर 6, थाना कपार, तहसील खेतड़ी, जिला झुंझुनू) को दोषी करार दिया।
अदालत द्वारा सुनाई गई सजा:
- एनडीपीएस अधिनियम की धारा 8/15 के तहत: 10 वर्ष का कठोर कारावास और ₹1,00,000 का जुर्माना। जुर्माना न भरने पर 12 माह का अतिरिक्त कारावास।
- एनडीपीएस अधिनियम की धारा 8/26 के तहत: 03 वर्ष का साधारण कारावास और ₹10,000 का जुर्माना। जुर्माना न भरने पर 01 माह का अतिरिक्त कारावास।
मादक पदार्थों के खिलाफ सख्त संदेश
एनसीबी जयपुर जोनल यूनिट की प्रभावी पैरवी के चलते आरोपी को सजा दिलाने में सफलता प्राप्त हुई। एनसीबी ने स्पष्ट किया है कि ‘नशा मुक्त भारत’ के राष्ट्रीय मिशन के तहत ड्रग्स तस्करों के नेटवर्क को पूरी तरह ध्वस्त करने की कार्रवाई निरंतर जारी रहेगी।
विभाग ने आम नागरिकों से अपील की है कि मादक पदार्थों की खरीद-बिक्री या परिवहन से जुड़ी किसी भी जानकारी को राष्ट्रीय नारकोटिक्स हेल्पलाइन मानस (MANAS) के टोल-फ्री नंबर 1933 पर साझा करें। सूचना देने वाले की पहचान पूर्णतः गोपनीय रखी जाती है।