| रिपोर्ट हरि प्रसाद शर्मा पुष्कर
पुष्कर (अजमेर)। धार्मिक नगरी पुष्कर के बालमुकुंद आश्रम में शुक्रवार को सनातन गौ सेवा समिति (पाली) और दुर्वांकुश एजुकेशन फाउंडेशन के संयुक्त तत्वावधान में 10 दिवसीय ‘आत्मरक्षा कमांडो प्रशिक्षण शिविर’ का भव्य शुभारंभ हुआ। इस शिविर का उद्देश्य युवाओं में आत्मविश्वास जगाने के साथ-साथ उन्हें शारीरिक और मानसिक रूप से सुदृढ़ बनाना है।
आत्मरक्षा और राष्ट्र सेवा का संकल्प
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि कमांडो ऑफिसर कर्नल अजय दाधीच ने युवाओं को संबोधित करते हुए कहा कि वर्तमान समय में स्वयं की रक्षा करने का कौशल हर युवा के पास होना चाहिए। उन्होंने जोर देते हुए कहा:
”बच्चों को अचानक आए किसी भी संकट से डरने के बजाय बहादुरी से उसका मुकाबला करना चाहिए। इस प्रशिक्षण से न केवल उनका आत्मविश्वास बढ़ेगा, बल्कि उनमें राष्ट्र सेवा का भाव भी जागृत होगा, जिससे वे भविष्य में सेना में भर्ती होकर देश की सेवा कर सकेंगे।”
मोबाइल और तनाव से मुक्ति का माध्यम
बालमुकुंद आश्रम के महंत सनातन प्रपन्नाचार्य ने वर्तमान जीवनशैली पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि आज के बच्चे टीवी और मोबाइल की दुनिया में सिमट कर रह गए हैं। ऐसे में यह शिविर उन्हें स्क्रीन से दूर प्रकृति और खेल के मैदान से जोड़ेगा, जिससे उनका तनाव दूर होगा और व्यक्तित्व में निखार आएगा।
विविध साहसिक गतिविधियों का प्रशिक्षण
शिविर प्रभारी विष्णु शर्मा ने बताया कि इस 10 दिवसीय प्रशिक्षण में 12 से 25 वर्ष तक की आयु के युवा उत्साहपूर्वक भाग ले रहे हैं। प्रशिक्षण का समय प्रतिदिन सुबह 7:30 से 11:30 बजे तक निर्धारित किया गया है। शिविर के दौरान युवाओं को निम्नलिखित कलाओं में निपुण किया जाएगा:
- जूडो-कराटे और बॉक्सिंग
- लाठी, तलवार और तीरंदाजी
- राइफल शूटिंग और असलाइटिंग
- योग, प्राणायाम और चरित्र निर्माण
समारोह की झलकियां
कार्यक्रम का संचालन पंकज कुमावत ने किया, जबकि प्रशिक्षक प्रेम कुमार ने शिविर की रूपरेखा और प्रतिवेदन प्रस्तुत किया। इस अवसर पर क्षेत्र के कई गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे, जिनमें शामिल हैं:
पूर्व पालिका अध्यक्ष सूरज नारायण पाराशर, पूर्व भाजपा मंडल अध्यक्ष पुष्कर नारायण भाटी, नेहरू पंडित, प्रहलाद यादव, विशाल वैष्णव, गणपत सिंह, कैलाश रैंबो, पुष्पा पाराशर, गौरी शंकर शर्मा, पवन शर्मा, बाल किशन पाराशर, नंदू लाल पंवार और ‘बदलता पुष्कर’ के संपादक अनिल।
शिविर के पहले दिन युवाओं में जबरदस्त उत्साह देखा गया और वे कमांडो बारीकियों को सीखने के लिए तत्पर नजर आए।