पुष्कर में बारिश बनी मुसीबत: सड़कों और बस्तियों में भरा पानी, लोगों को हुई भारी परेशानी

राजस्थान


पुष्कर में बारिश बनी मुसीबत: सड़कों और बस्तियों में भरा पानी, लोगों को हुई भारी परेशानी

Edited By : नरेश गुनानी
टेलीग्राफ टाइम्स
जून 17,2025

(हरिप्रसाद शर्मा) पुष्कर/अजमेर।
पुष्कर में बीती रात हुई तेज बारिश ने जनजीवन को अस्त-व्यस्त कर दिया। शहर की कई सड़कों पर पानी भर गया, वहीं निचली बस्तियों में जलभराव की स्थिति बन गई, जिससे लोगों को अपने घरों तक पहुंचने में काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ा।

बारिश के चलते देर रात तक स्थानीय निवासी पानी से भरी गलियों में अपने गंतव्य तक पहुंचने के लिए मशक्कत करते रहे। कई स्थानों पर जलभराव के कारण वाहनों की आवाजाही भी प्रभावित रही और लोग लंबे समय तक फंसे रहे।

सूचना मिलने पर नगर परिषद की टीम ने सक्रियता दिखाई। सफाई निरीक्षक के निर्देशन में परिषद के जमादारों के नेतृत्व में सफाईकर्मियों की टीमों को विभिन्न जलभराव वाले इलाकों में भेजा गया। टीमों ने त्वरित कार्रवाई करते हुए कई स्थानों से पानी की निकासी की व्यवस्था की और रास्तों को सुगम बनाने का प्रयास किया।

स्थानीय निवासियों का कहना है कि पुष्कर में मामूली बारिश में भी जलभराव आम समस्या बन गई है। शहर के कई इलाके ऐसे हैं जहां ड्रेनेज व्यवस्था की कमी के कारण हर बार बारिश में पानी जमा हो जाता है। इस बार भी वही हालात देखने को मिले।

हालांकि नगर परिषद ने कुछ क्षेत्रों में जल निकासी की व्यवस्था कर स्थिति को काबू में लिया, लेकिन अन्य इलाकों में अब भी पानी भरा हुआ है। बारिश थमने के बावजूद लोगों को असुविधा का सामना करना पड़ रहा है।

सफाई निरीक्षक ने आमजन से धैर्य बनाए रखने की अपील की है और बताया कि नगर परिषद की टीमें लगातार जलभराव की समस्या के निस्तारण में जुटी हुई हैं। परिषद द्वारा जलभराव वाले प्रमुख स्थानों की सूची तैयार कर आवश्यक संसाधन और जनशक्ति लगाई जा रही है ताकि भविष्य में इस तरह की समस्याओं से बचा जा सके।

 

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Share post:

Subscribe

Popular

Block title
Related

धरमजयगढ़ में ‘हरा सोना’ बनाम ‘गजराज’: क्या इस बार जीत पाएगी ग्रामीण अर्थव्यवस्था?

गनपत चौहान  ​कुड़ेकेला/धरमजयगढ़। छत्तीसगढ़ के वनांचलों में 'हरे सोने' यानी...

भारतमाला प्रोजेक्ट: सड़क निर्माण की आड़ में बेशकीमती पेड़ों का ‘रहस्यमयी’ सफाया, डीबीएल कंपनी पर गंभीर आरोप

गनपत चौहान  ​रायगढ़/छाल। केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी भारतमाला परियोजना अब...