हरिप्रसाद शर्मा | पुष्कर/अजमेर
राजस्थान की धार्मिक नगरी पुष्कर आगामी दिनों में देश की राजनीति का मुख्य केंद्र बनने जा रही है। अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (AICC) के तत्वावधान में पुष्कर में एक बड़ा राष्ट्रीय मंथन शिविर आयोजित होने जा रहा है। इस कार्यक्रम के तहत 1 जून को लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी पुष्कर के दौरे पर रहेंगे। वे यहाँ कांग्रेस के ‘संगठन सृजन अभियान’ के तहत आयोजित जिला अध्यक्षों के विशेष ट्रेनिंग प्रोग्राम में मुख्य रूप से शिरकत करेंगे।
इस बेहद महत्वपूर्ण और बड़े राजनीतिक आयोजन में हिस्सा लेने के लिए कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे का भी पुष्कर दौरा प्रस्तावित है।
23 मई से 1 जून तक चलेगा ‘मंथन’ और ‘ट्रेनिंग’ का महाअभियान
पार्टी सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, पुष्कर में 23 मई से 1 जून तक (10 दिनों तक) कांग्रेस संगठन सृजन अभियान कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। इस 10-दिवसीय राष्ट्रीय कार्यशाला व चिंतन शिविर की तैयारियां युद्धस्तर पर शुरू कर दी गई हैं। पुष्कर के ‘वाइल्ड रोज’ (वाइल्ड फ्लावर/रिसॉर्ट) में आयोजित होने वाले इस बड़े कैंप में राजस्थान और दिल्ली सहित विभिन्न राज्यों के करीब 100 से अधिक कांग्रेस जिला अध्यक्ष और शीर्ष पदाधिकारी शामिल होने जा रहे हैं।
क्या है इस राष्ट्रीय शिविर का मुख्य उद्देश्य?
कांग्रेस के इस ‘संगठन सृजन’ शिविर का मुख्य फोकस आगामी चुनावों की रणनीति तैयार करने और पार्टी के मूल ढांचे को मजबूत करने पर है। इसके तहत निम्नलिखित बिंदुओं पर मुख्य रूप से कार्य किया जाएगा:
- बूथ और पंचायत स्तर को सक्रिय करना: पार्टी का मुख्य लक्ष्य पंचायत एवं बूथ स्तर पर संगठन को पूरी तरह सक्रिय करना है।
- पदाधिकारियों को विशेष प्रशिक्षण: जिला अध्यक्षों को जनता से सीधे जुड़ाव, मीडिया समन्वय, पब्लिक रिलेशंस और प्रभावी बूथ मैनेजमेंट की ट्रेनिंग दी जाएगी।
- नेताओं की परफॉर्मेंस का आंकलन: राहुल गांधी के इस अभियान का मकसद सिफारिशी संस्कृति को खत्म कर जमीनी स्तर पर परफॉर्मेंस और योग्यता के आधार पर पदाधिकारियों को आगे बढ़ाना है।
शीर्ष नेताओं का रहेगा जमावड़ा, तैयार होगा ‘पुष्कर मॉडल’
1 जून को राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खड़गे के आगमन से पहले इस 10 दिवसीय शिविर के शुरुआती दिनों में कांग्रेस के कई दिग्गज नेता पुष्कर पहुंचेंगे।
शिविर में मुख्य रूप से AICC महासचिव के.सी. वेणुगोपाल, राजस्थान कांग्रेस के प्रभारी सुखजिंदर सिंह रंधावा, पीसीसी चीफ गोविंद सिंह डोटासरा, विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली, पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत और पूर्व उपमुख्यमंत्री सचिन पायलट सहित राष्ट्रीय व प्रांतीय स्तर के बड़े पदाधिकारी शामिल होकर रणनीति तैयार करेंगे। राजनीतिक गलियारों में इस पूरी कार्यशाला को कांग्रेस के ‘पुष्कर मॉडल’ के रूप में देखा जा रहा है।
स्थानीय कांग्रेस में भारी उत्साह
अजमेर जिला और पुष्कर क्षेत्र में राष्ट्रीय स्तर के इस आयोजन को लेकर स्थानीय कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं में जबरदस्त उत्साह देखा जा रहा है। स्थानीय पदाधिकारियों का कहना है कि राष्ट्रीय नेतृत्व के अजमेर जिले में इस प्रवास से संगठन को एक नई ऊर्जा और दिशा मिलेगी, जो आने वाले समय में कांग्रेस को जमीनी स्तर पर अभेद्य किला बनाने में मददगार साबित होगी। सुरक्षा और व्यवस्थाओं को लेकर भी स्थानीय स्तर पर प्रशासनिक तैयारियां शुरू हो चुकी हैं।