मुख्यमंत्री की माइक्रो मॉनिटरिंग से रिफाइनरी फास्टट्रैक पर, आधा दर्जन से अधिक यूनिट्स में उत्पादन शुरू
जयपुर, 24 जून 2026 | नरेश गुनानी
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने बुधवार को मुख्यमंत्री आवास पर पचपदरा रिफाइनरी कम पेट्रोकेमिकल कॉम्प्लेक्स के संबंध में एक उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक ली। बैठक में मुख्यमंत्री ने अधिकारियों और एचपीसीएल राजस्थान रिफाइनरी लिमिटेड (HRRL) प्रबंधन से रिफाइनरी की प्रगति, संचालन और आगामी योजनाओं के संबंध में विस्तृत जानकारी ली तथा आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए।
राजस्थान बनेगा देश की ऊर्जा सुरक्षा का मजबूत स्तंभ
बैठक के दौरान मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने एक बड़ी घोषणा करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी शीघ्र ही पचपदरा रिफाइनरी का भव्य शुभारंभ करेंगे। उन्होंने अधिकारियों को इस उद्घाटन समारोह को ऐतिहासिक बनाने के लिए सभी आवश्यक तैयारियां समय पर पूरी करने के निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री ने कहा:
”पचपदरा रिफाइनरी के शुरू होने से राजस्थान देश की ऊर्जा सुरक्षा का एक मजबूत स्तंभ बनकर उभरेगा। यह महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट आने वाले समय में प्रदेश की अर्थव्यवस्था के लिए ‘ग्रोथ इंजन’ साबित होगा और इससे राज्य में विकास के नए रास्ते खुलेंगे।”
मुख्यमंत्री की माइक्रो मॉनिटरिंग की सराहना
बैठक में HRRL प्रबंधन ने रिफाइनरी प्रोजेक्ट को गति देने के लिए मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा द्वारा की जा रही माइक्रो मॉनिटरिंग और उनके नेतृत्व की सराहना की। प्रबंधन ने बताया कि HRRL और राज्य सरकार के अधिकारियों ने एक टीम के रूप में निरंतर कार्य किया है। मुख्यमंत्री के सतत मार्गदर्शन और प्रोत्साहन के फलस्वरूप ही यह प्रोजेक्ट इतनी तेजी से आगे बढ़ा है और रिफाइनरी संचालन के लिए पूरी तरह तैयार हो गई है। वर्तमान में रिफाइनरी की आधा दर्जन से अधिक यूनिट्स सुचारू रूप से कार्य कर रही हैं और कई पेट्रोकेमिकल प्रोडक्ट्स का उत्पादन भी प्रारंभ हो चुका है।
मुख्यमंत्री को भेंट किए गए प्रोडक्ट्स के सैम्पल
इस विशेष अवसर पर HRRL प्रबंधन ने मुख्यमंत्री को पचपदरा रिफाइनरी में उत्पादित हो रहे विभिन्न प्रोडक्ट्स के सैम्पल भेंट किए। इसके साथ ही मुख्यमंत्री को रिफाइनरी का एक विस्तृत मॉडल और इस महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट की शुरुआत से लेकर अब तक की ऐतिहासिक यात्रा को दर्शाती हुई एक विशेष बुकलेट भी प्रस्तुत की गई।
बैठक में ये रहे उपस्थित
इस उच्च स्तरीय बैठक में प्रशासनिक और वित्तीय क्षेत्र के कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे, जिनमें मुख्य रूप से शामिल हैं:
- वी. श्रीनिवास, मुख्य सचिव
- अखिल अरोड़ा, अतिरिक्त मुख्य सचिव (मुख्यमंत्री कार्यालय)
- अपर्णा अरोड़ा, अतिरिक्त मुख्य सचिव (खान एवं पेट्रोलियम)
- वैभव गालरिया, प्रमुख शासन सचिव (वित्त)
- HRRL प्रबंधन के वरिष्ठ पदाधिकारी एवं अन्य संबंधित अधिकारीगण।