नए आपराधिक कानूनों पर राजस्थान बनेगा देशभर में रोल मॉडल: मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा
By : गौरव कोचर
टेलीग्राफ टाइम्स
अगस्त 08,2025
जयपुर, 8 अगस्त 2025 –
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि देश में लागू किए गए तीन नवीन आपराधिक कानून— भारतीय न्याय संहिता, भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता और भारतीय साक्ष्य अधिनियम— न्यायिक व्यवस्था में आमजन का विश्वास और अधिक मजबूत कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि इन कानूनों में सजा के बजाय न्याय पर अधिक जोर दिया गया है, और राजस्थान इन कानूनों के सफल क्रियान्वयन में देशभर में एक आदर्श (रोल मॉडल) बनने की दिशा में कार्य कर रहा है।
मुख्यमंत्री गुरुवार को अपने निवास पर आयोजित एक उच्चस्तरीय बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे। बैठक में गृह राज्य मंत्री जवाहर सिंह बेढ़म, मुख्य सचिव सुधांश पंत, पुलिस महानिदेशक राजीव कुमार शर्मा सहित गृह, विधि, चिकित्सा एवं स्वास्थ्य, सूचना प्रौद्योगिकी और अन्य विभागों के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग रूम्स प्राथमिकता से स्थापित होंगे
भजनलाल शर्मा ने निर्देश दिए कि नवीन आपराधिक कानूनों में गवाहों के साक्ष्य वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से लेने की व्यवस्था को लागू किया जाए। इसके लिए कोर्ट रूम, कारागार, अस्पताल, एफएसएल और सरकारी कार्यालयों में प्राथमिकता के आधार पर वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग रूम्स विकसित किए जाएं। इन रूम्स में ऐसी सुविधाएं उपलब्ध हों, जिससे गवाह सुरक्षित महसूस करें।
राजकॉप ऐप पर महिलाओं के लिए ‘नीड हैल्प’ सुविधा
मुख्यमंत्री ने बताया कि महिलाओं को तत्काल सहायता देने के लिए राजकॉप नागरिक मोबाइल एप्लिकेशन पर ‘नीड हैल्प’ फीचर जोड़ा गया है। इसके अलावा, सभी नागरिकों के लिए एसओएस अलर्ट और जांच की प्रगति की जानकारी भी इसी ऐप पर उपलब्ध होगी। उन्होंने अभियोजन में मामलों के स्थगन पर प्रभावी निगरानी रखने के निर्देश दिए।
फॉरेंसिक लैब का आधुनिकीकरण और संसाधनों की पूर्ति
भजनलाल शर्मा ने कहा कि नए कानूनों में फॉरेंसिक दक्षता को बढ़ाने के लिए विशेष प्रावधान किए गए हैं। इसके तहत राज्य की फॉरेंसिक लैब का आधुनिकीकरण, पर्याप्त मानव संसाधन की नियुक्ति, पुलिस स्टेशनों में राजनेट कनेक्टिविटी और हार्डवेयर उपकरणों की शीघ्र पूर्ति सुनिश्चित की जाएगी।
ई-साक्ष्य और ई-सम्मन प्रणाली लागू
बैठक में अधिकारियों ने बताया कि ई-साक्ष्य और ई-सम्मन ऐप पर सभी जांच अधिकारियों का पंजीकरण हो चुका है। अब ई-सम्मन की तामील राजकॉप ऐप और नए सीसीटीएनएस सिस्टम के माध्यम से हो रही है, और इलेक्ट्रॉनिक तामील के लिए प्रशिक्षण भी दिया जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा –
“राज्य सरकार की मंशा स्पष्ट है—कानून व्यवस्था को और सुदृढ़ बनाना, तकनीकी साधनों का अधिकतम उपयोग करना और हर नागरिक को समय पर न्याय दिलाना। राजस्थान आने वाले समय में नए आपराधिक कानूनों के क्रियान्वयन में देशभर के लिए प्रेरणास्रोत बनेगा।”