नई पंचायतों के गठन का रास्ता साफ : प्रदेश में बनेंगी 3443 नई ग्राम पंचायतें, जयपुर में 143 गांव और 4 नई पंचायत समितियों का प्रस्ताव
मंत्रियों की उपसमिति ने दी मंजूरी, जल्द जारी होगा गजट नोटिफिकेशन
(हरिप्रसाद शर्मा, पुष्कर / संपादन : नरेश गुनानी, टेलीग्राफ टाइम्स)
जयपुर। प्रदेश में नई पंचायतों के गठन का रास्ता साफ हो गया है। मंत्रियों की उप समिति ने 3443 नई ग्राम पंचायतों के गठन को मंजूरी दे दी है। अब राज्य सरकार हाईकोर्ट से दिशा-निर्देश लेने के बाद जल्द ही गजट नोटिफिकेशन जारी करेगी। प्रस्ताव में 81 नई पंचायत समितियों को भी हरी झंडी मिल चुकी है, जबकि 8 नई जिला परिषद बनाने पर सहमति जताई गई है।
गौरतलब है कि प्रदेश में इस समय 11,341 ग्राम पंचायतें और 352 पंचायत समितियां कार्यरत हैं। नई पंचायतों के गठन के बाद कुल संख्या बढ़कर 14,784 ग्राम पंचायतों तक पहुँच जाएगी। पंचायत समितियों का आंकड़ा लगभग 433 तक पहुंचने की संभावना है।
चुनाव की राह अभी बाकी
नई पंचायतों के गठन के बाद चुनाव कराने से पहले वार्ड परिसीमन, मतदाता सूची तैयार करना और ओबीसी आरक्षण तय करना जैसे अहम काम पूरे करने होंगे। अधिकारियों का कहना है कि इन कार्यों के पूरा होने के बाद ही पंचायत चुनाव कराना संभव हो सकेगा।
अलग-अलग क्षेत्रों के लिए अलग मानक
नई रिपोर्ट में पंचायत गठन के लिए जनसंख्या का अलग-अलग पैमाना रखा गया है।
- सामान्य क्षेत्रों में — 2,550 की आबादी पर पंचायत गठन
- रेगिस्तानी जिलों में — 1,500 की आबादी पर पंचायत गठन
- ट्राइबल क्षेत्रों में — 1,600 की आबादी पर पंचायत गठन
पंचायत समितियों के लिए 2 लाख की जनसंख्या या 40 ग्राम पंचायतें आधार बनीं। वहीं, ट्राइबल क्षेत्रों में यह पैमाना 1.5 लाख की आबादी या 40 पंचायतें रखा गया। जिला परिषदों के गठन में संबंधित जिले की कुल आबादी को आधार माना गया।
सर्वाधिक प्रस्ताव मारवाड़ से
नई ग्राम पंचायतों और पंचायत समितियों के गठन के सर्वाधिक प्रस्ताव मारवाड़ के जिलों से आए हैं।
- जोधपुर — 244 ग्राम पंचायत, 14 पंचायत समितियां
- बाड़मेर — 277 ग्राम पंचायत, 3 पंचायत समितियां
- जयपुर — 143 ग्राम पंचायत, 4 पंचायत समितियां
- भीलवाड़ा — 121 ग्राम पंचायत, 3 पंचायत समितियां
मंत्रियों की समिति की भूमिका
पंचायती राज संस्थाओं के पुनर्गठन के लिए गठित कैबिनेट उप समिति की जिम्मेदारी शिक्षा और पंचायती राज मंत्री मदन दिलावर को सौंपी गई थी। पांच मंत्रियों की इस समिति ने नए पंचायतों के गठन की सिफारिश की है। अब अंतिम निर्णय मुख्यमंत्री स्तर पर होगा।