धान खरीदी में अव्यवस्था और नेटवर्क की समस्या: उपभोक्ता उत्थान संगठन ने उठाई किसानों की आवाज
| रिपोर्ट गणपत चौहान छत्तीसगढ़
खरसिया/डोमनारा: जिला उपभोक्ता उत्थान संगठन और सुंदर समाज पार्टी ने क्षेत्र की विभिन्न धान मंडियों का दौरा कर किसानों की समस्याओं को सुना और उनके निराकरण की मांग की। संगठन के जिला अध्यक्ष डॉ. वासुदेव यादव और सुंदर समाज पार्टी के राष्ट्रीय सचिव नर्सिंग राव ने संयुक्त प्रेस विज्ञप्ति जारी कर जमीनी हकीकत बयां की।
किसानों की समस्याओं का मौके पर समाधान
दौरे के दौरान टीम ने पाया कि कुड़ुमकेला निवासी किसान साहिश राम (पिता परमेश्वर) को धान बेचने में तकनीकी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा था। वहीं, डुमरपाली की आशो बाई (पत्नी निर्मल राठिया) को धान भरने के लिए पर्याप्त बोरे (बारदाना) उपलब्ध नहीं कराए जा रहे थे। संगठन की टीम ने हस्तक्षेप कर इन समस्याओं को मौके पर ही हल करवाया और किसानों को राहत दिलाई।
घटिया बारदाना और बुनियादी सुविधाओं का अभाव
संगठन ने मंडियों की बदहाली पर गहरी चिंता व्यक्त की है। निरीक्षण में निम्नलिखित प्रमुख खामियां पाई गईं:
- खराब बारदाना: राइस मिलों द्वारा मंडियों में बेहद घटिया दर्जे का बारदाना सप्लाई किया जा रहा है।
- बुनियादी ढांचे की कमी: मंडियों में फेंसिंग और शौचालय जैसी मूलभूत सुविधाओं का अभाव है।
- बजट की मांग: शेड स्टेक की क्षमता 50 टन होनी चाहिए, लेकिन बजट के अभाव में यह कार्य अटका हुआ है। संगठन ने सरकार से जल्द संज्ञान लेने की याचना की है।
नेटवर्क की मार और अनावरी का संकट
कुदरमाल, कुदमुरा, लेमरू, चिरा और चाचिया के ग्रामीणों ने बताया कि उनके क्षेत्रों में मोबाइल नेटवर्क की भारी समस्या है, जिससे ऑनलाइन प्रक्रियाएं बाधित हो रही हैं।
- श्यांग जैसे क्षेत्रों में केवल वाईफाई के भरोसे काम चल रहा है।
- लेमरू के किसानों ने ‘आठ क्विंटल अनावरी’ को लेकर अपनी शिकायत दर्ज कराई।
- राजेश दुबे ने आरोप लगाया कि सरकार ने प्रति एकड़ 21 क्विंटल धान लेने की घोषणा की है, लेकिन कई जगह केवल 16 क्विंटल ही लिया जा रहा है। इस संबंध में संगठन संबंधित विभाग को पत्र लिखेगा।
अतिरिक्त धान लेने की शिकायतों पर सख्त रुख
प्रदेश संगठन मंत्री शेखर यादव, जिला संगठन मंत्री राम लखन पासवान और जिला उपाध्यक्ष संजय चौहान ने बताया कि कुछ मंडियों में नमी के नाम पर किसानों से निर्धारित मात्रा से अधिक धान (काट-छांट) लेने की बात सामने आई है। संगठन ने किसानों से अपील की है कि वे ऐसी किसी भी गड़बड़ी की लिखित शिकायत दें ताकि कड़ी कार्रवाई की जा सके।
अन्य गतिविधियाँ
इसी दौरे के बीच संगठन ने खरसिया रेलवे स्टेशन प्रबंधक से स्टेशन के निरीक्षण की अनुमति भी प्राप्त कर ली है, ताकि वहां यात्री सुविधाओं और व्यवस्थाओं का जायजा लिया जा सके।

