जयपुर/ गौरव कोचर/राजधानी जयपुर में समलैंगिक डेटिंग ऐप (ग्राइंडर) के जरिए युवकों को जाल में फंसाकर लूटपाट और ब्लैकमेल करने वाले एक शातिर गिरोह का पुलिस ने भंडाफोड़ किया है। करधनी थाना पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए गिरोह के दो सक्रिय सदस्यों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से वारदात में इस्तेमाल की गई स्विफ्ट कार भी बरामद की है।
योजना बनाकर सुनसान जगह बुलाते थे आरोपी
पुलिस उपायुक्त जयपुर पश्चिम प्रशांत किरण (आईपीएस) ने बताया कि शहर में ग्राइंडर ऐप के माध्यम से युवकों से संपर्क कर उन्हें सुनसान स्थानों पर बुलाने, उनके साथ मारपीट करने, ब्लैकमेलिंग और लूटपाट की लगातार शिकायतें मिल रही थीं। मामले की गंभीरता को देखते हुए अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त राजेश गुप्ता के निर्देशन, सहायक पुलिस आयुक्त झोटवाड़ा शिव कुमार भारद्वाज के सुपरविजन तथा थानाधिकारी करधनी सवाई सिंह (पुलिस निरीक्षक) के नेतृत्व में एक विशेष टीम गठित की गई।
आसूचना और निगरानी से दबोचे गए बदमाश
गठित टीम ने तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिर तंत्र की मदद से संदिग्धों की गतिविधियों पर कड़ी निगरानी रखी। अथक प्रयासों के बाद पुलिस ने गिरोह की पहचान कर दो मुख्य आरोपियों को दबोच लिया। गहन पूछताछ के बाद दोनों को विधिवत गिरफ्तार किया गया। पुलिस अब इनसे अन्य वारदातों और गिरोह के अन्य संभावित साथियों के बारे में गहन अनुसंधान कर रही है।
गिरफ्तार आरोपियों का विवरण
- अनिल रूलानिया (21 वर्ष), पुत्र रामचंद्र रूलानिया, निवासी रूलानिया की ढाणी, गांव मारोठ, तहसील नांवा, थाना मारोठ, जिला डीडवाना-कुचामन।
- मदन नेहरा (23 वर्ष), पुत्र बंशीलाल नेहरा, निवासी ढाबा वाली ढाणी, ढ्योडी, तहसील किशनगढ़ रेनवाल, थाना फुलेरा, जिला जयपुर ग्रामीण।
कार्रवाई करने वाली पुलिस टीम
धर्मेंद्र (एएसआई, थाना करधनी), भंवरलाल (एएसआई, थाना करधनी), शेरसिंह (हैड कांस्टेबल, थाना करधनी), हीरालाल (कांस्टेबल, थाना करधनी), बाबूलाल (कांस्टेबल, थाना कालवाड़), गजानंद (कांस्टेबल, थाना कालवाड़) एवं मुकेश गोरा (कांस्टेबल, थाना कालवाड़)।