राजस्थान
टोंक में बड़ा हादसा: बनास नदी में डूबे 11 में से 8 युवकों की मौत, जयपुर से पिकनिक मनाने आए थे सभी
Edited By : नरेश गुनानी
टेलीग्राफ टाइम्स
जून 10,2025
टोंक, राजस्थान।
राजस्थान के टोंक जिले में रविवार को एक दर्दनाक हादसा हो गया। फ्रेजर ब्रिज के पास बनास नदी में नहाते समय 11 युवक डूब गए, जिनमें से 8 की मौत हो चुकी है। तीन युवकों को गंभीर हालत में टोंक के सआदत अस्पताल में भर्ती कराया गया है। मृतक सभी जयपुर निवासी हैं और पिकनिक मनाने के लिए टोंक आए थे। मृतकों की उम्र 20 से 25 वर्ष के बीच बताई जा रही है।
हादसे की पूरी घटना
जानकारी के अनुसार, रविवार सुबह 11 युवक जयपुर से पिकनिक के लिए टोंक पहुंचे। बनास नदी की पुरानी पुलिया के पास सभी युवक नहाने के लिए नदी में उतरे। तभी एक युवक गहरे पानी में चला गया और डूबने लगा। उसे बचाने के प्रयास में बाकी युवक भी एक-एक कर नदी की तेज धार में बहते चले गए। स्थानीय लोगों ने तुरंत मौके पर पहुंचकर तीन युवकों को बाहर निकाला और अस्पताल पहुंचाया, लेकिन बाकी आठ को नहीं बचाया जा सका।
प्रशासन और पुलिस मौके पर
हादसे की सूचना मिलते ही जिला प्रशासन और पुलिस मौके पर पहुंच गई। टोंक जिला पुलिस अधीक्षक विकास सांगवान, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक बृजेंद्र सिंह, एसडीएम और अन्य अधिकारी घटनास्थल और अस्पताल में मौजूद रहे। प्रशासन ने रेस्क्यू ऑपरेशन चलाकर शवों को नदी से बाहर निकाला और मामले की जांच के आदेश दिए हैं।
अस्पताल में भारी भीड़, परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल
घटना के बाद सआदत अस्पताल में भारी भीड़ उमड़ पड़ी। मृतकों के परिजन जयपुर से टोंक पहुंचने लगे हैं। अस्पताल परिसर में मातम पसरा हुआ है और पीड़ित परिवारों का रो-रो कर बुरा हाल है।
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने जताया शोक
राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने इस हादसे पर गहरा दुख जताया है। उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा:
“टोंक जिले में स्थित बनास नदी में युवकों की डूबने से हुई मृत्यु का समाचार अत्यंत दुःखद और पीड़ादायक है। घटना की जानकारी मिलते ही जिला प्रशासन के अधिकारियों को त्वरित रूप से रेस्क्यू एवं राहत कार्य संचालित करने के निर्देश दिए गए हैं। ईश्वर से प्रार्थना है कि दिवंगत आत्माओं को शांति तथा शोकाकुल परिजनों को यह अपार दुःख सहने की शक्ति दें। ॐ शांति!”
लोगों से नदी किनारे सतर्कता बरतने की अपील
स्थानीय प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि बारिश के मौसम में या बहाव तेज होने पर नदी में न उतरें। बनास नदी की पुरानी पुलिया के पास पहले भी इस तरह की घटनाएं हो चुकी हैं, लेकिन सुरक्षा के पुख्ता इंतज़ाम अब तक नहीं किए गए हैं।

