जैसलमेर पुलिस का बड़ा खुलासा – अपहरण, मारपीट और ऑनलाइन लूट का मुख्य आरोपी गिरफ्तार • बंधक बनाकर 86,000 रुपये की वसूली, शातिर बदमाश ने की थी वारदात।
जयपुर, 25 अगस्त। गौरव कोचर। टेलीग्राफ टाइम्स
जैसलमेर पुलिस ने अपहरण, मारपीट और ऑनलाइन लूट के संगीन मामले का पर्दाफाश करते हुए मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई ने जिले में सनसनी मचाने वाली वारदात का खुलासा कर दिया। आरोपी ने एक व्यक्ति को मोटरसाइकिल पर बैठाकर अगवा किया और बंधक बनाकर उससे 86,000 रुपये की ऑनलाइन लूट को अंजाम दिया था।
ऐसे हुई वारदात
जिला पुलिस अधीक्षक अभिषेक शिवहरे ने बताया कि घटना 14 जुलाई 2025 की है। मूल रूप से चूरू निवासी और वर्तमान में ट्रांसपोर्ट नगर, जैसलमेर में रह रहे राकेश अग्रवाल ने 16 जुलाई को कोतवाली थाने में मामला दर्ज कराया था।
राकेश ने बताया कि वह ट्रांसपोर्ट नगर के एक पेट्रोल पंप के पास फोन पर बात कर रहा था, तभी एक अज्ञात युवक मोटरसाइकिल से वहां पहुंचा। उसने कॉल करने के लिए मोबाइल मांगा और बाड़मेर रोड का रास्ता पूछने लगा। मदद करने के इरादे से राकेश उसकी बाइक पर बैठ गया, लेकिन युवक अचानक तेज रफ्तार से उसे सुनसान इलाके में बने एक होटल कॉम्प्लेक्स में ले गया, जहां पहले से ही उसके दो साथी मौजूद थे।
कमरे में तीनों बदमाशों ने राकेश को बंधक बनाकर मारपीट की और उसके मोबाइल से जबरन 86,000 रुपये ऑनलाइन ट्रांसफर करवा लिए। जब पीड़ित ने शोर मचाना शुरू किया तो आरोपी वहां से भाग निकले।
मुख्य आरोपी चढ़ा पुलिस के हत्थे
मामले की गंभीरता को देखते हुए एसपी अभिषेक शिवहरे ने विशेष टीम गठित कर तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कैलाश दान जुगतावत, वृत्ताधिकारी रूपसिंह इंदा और थानाधिकारी प्रेमदान के नेतृत्व में गठित टीम ने खुफिया जानकारी जुटाकर छापेमारी की और आखिरकार मुख्य आरोपी को गांव दीपसिंह की ढाणी, सिंहड़ार से गिरफ्तार कर लिया।
आरोपी से पूछताछ में सामने आया कि उसने इसी तरह की एक वारदात रिको बाड़मेर इलाके में भी की थी। फिलहाल आरोपी से गहन पूछताछ की जा रही है और मामले में आगे की जांच जारी है।
टीम को मिली सफलता
इस खुलासे में थानाधिकारी कोतवाली प्रेमदान, उप निरीक्षक नारायण सिंह, हेड कांस्टेबल दिनेश कुमार, कांस्टेबल हिंगलाजदान, जुगताराम, जयप्रकाश तथा थाना रामदेवरा के एएसआई दईदान सिंह और कांस्टेबल सुभाष की भूमिका सराहनीय रही।