| लोकेंद्र सिंह शेखावत
जयपुर। चिकित्सा विज्ञान के क्षेत्र में राजस्थान को वैश्विक पहचान दिलाने के उद्देश्य से जयपुर के होटल मैरियट में ‘विजन 2025’ (VISION 2025) राष्ट्रीय सम्मेलन का भव्य आयोजन किया गया। यह सम्मेलन इंटरवेंशनल रेडियोलॉजी (IR) और न्यूरोलॉजी के बढ़ते महत्व को दर्शाने वाला एक अनूठा संगम साबित हुआ, जहां विशेषज्ञों ने “बिना चीर-फाड़” वाली उन्नत तकनीकों पर विस्तृत चर्चा की।
उद्घाटन और विजन
कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि डॉ. एम.एल. स्वर्णकार (एमिरेट्स चेयरमैन, MGUMST) ने दीप प्रज्वलन कर किया। उन्होंने चिकित्सा के बदलते स्वरूप में आधुनिक तकनीकों के समावेश की सराहना की। सम्मेलन के आयोजक डॉ. निखिल बंसल और डॉ. मेधा गुप्ता ने बताया कि चिकित्सा जगत अब सर्जरी से हटकर न्यूनतम इनवेसिव प्रक्रियाओं (Minimal Invasive Procedures) की ओर बढ़ रहा है।
प्रमुख बिंदु: क्यों खास है इंटरवेंशनल रेडियोलॉजी?
सम्मेलन के दौरान विशेषज्ञों ने इंटरवेंशनल रेडियोलॉजी को भविष्य की चिकित्सा बताया। इसकी प्रमुख विशेषताएं इस प्रकार रहीं:
- दर्द रहित उपचार: अब जटिल से जटिल सर्जरी की जगह महज एक छोटी सुई या कैथेटर के माध्यम से इलाज संभव है।
- त्वरित रिकवरी: इन तकनीकों से मरीज को अस्पताल में अधिक समय नहीं बिताना पड़ता और वह बहुत कम समय में सामान्य जीवन में लौट सकता है।
- कैंसर का सटीक इलाज: एडवांस्ड ऑन्कोलॉजी थेरेपी के जरिए कैंसर की गांठों को बिना अंगों को नुकसान पहुंचाए टारगेट करने की तकनीकों पर मंथन हुआ।
देशभर के शीर्ष विशेषज्ञों का जमावड़ा
इस ‘एकेडेमिक फेस्ट’ में भारत के अग्रणी अस्पतालों के विशेषज्ञों ने अपने शोध और अनुभव साझा किए:
- टाटा मेमोरियल (मुंबई) के डॉ. कुणाल गाला ने कैंसर उपचार के नए आयाम बताए।
- हैदराबाद से डॉ. जगदीश आर. सिंह ने गैस्ट्रोएंटरोलॉजी में रेडियोलॉजी के उपयोग पर प्रकाश डाला।
- दिल्ली के डॉ. अभिषेक बंसल और नागपुर के डॉ. गौरव मिश्रा सहित डॉ. हेमंत मल्होत्रा जैसे दिग्गजों ने न्यूरो और ऑन्कोलॉजी के क्षेत्र में हो रहे नवाचारों पर प्रस्तुति दी।
राजस्थान के लिए नया सवेरा
आयोजक डॉ. निखिल बंसल (महात्मा गांधी अस्पताल) ने कहा, “हमारा लक्ष्य है कि राजस्थान के मरीजों को इलाज के लिए बड़े महानगरों या विदेश न जाना पड़े। ‘विजन 2025’ के जरिए हम सर्वश्रेष्ठ तकनीकों को स्थानीय स्तर पर उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध हैं।” डॉ. मेधा गुप्ता (दीप हॉस्पिटल) ने जोर दिया कि न्यूरोलॉजी और रेडियोलॉजी के विशेषज्ञों का एक मंच पर आना ‘पेशेंट केयर’ के क्षेत्र में मील का पत्थर साबित होगा।