महिला सुरक्षा राज्य सरकार और पुलिस विभाग की सर्वोच्च प्राथमिकता: पुलिस महानिदेशक (यातायात) मालिनी अग्रवाल
- हेल्पलाइन नंबरों, ‘राजकॉप सिटीजन ऐप’ और सुरक्षा योजनाओं की आमजन तक पहुंचाई गई जानकारी
- गौरव कोचर
जयपुर, 13 अगस्त। जयपुर पुलिस आयुक्तालय की रिजर्व पुलिस लाइन में गुरुवार को एक माह से चलाए जा रहे विशेष ‘महिला सुरक्षा संकल्प कार्यक्रम’ का भव्य समापन समारोह आयोजित किया गया। इस अवसर पर कार्यक्रम की मुख्य अतिथि पुलिस महानिदेशक (यातायात) मालिनी अग्रवाल रहीं।
सुरक्षा, सम्मान और स्वावलंबन का संदेश
समापन समारोह को संबोधित करते हुए पुलिस महानिदेशक मालिनी अग्रवाल ने कहा कि महिला सुरक्षा राज्य सरकार और पुलिस विभाग की हमेशा से प्राथमिकता रही है। जयपुर पुलिस कमिश्नरेट की पूरी टीम ने इस अभियान में सक्रियता और समर्पण के साथ कार्य किया है।

उन्होंने बताया कि आउटरीच प्रोग्राम के माध्यम से जयपुर पुलिस ने समाज के हर वर्ग और हर तबके तक पहुंचने का प्रयास किया है। इस अभियान में सुरक्षा सखियों, सीएलजी सदस्यों और समाज के विभिन्न हितधारकों की सक्रिय भागीदारी रही। महिलाओं और बालिकाओं को सुरक्षा के पूरे तंत्र, जैसे – आपातकालीन हेल्पलाइन, सुरक्षा ऐप्स, पुलिस सहायता और आत्मरक्षा (सेल्फ डिफेंस) की जानकारी दी गई।
विशेष पुलिस आयुक्त ओम प्रकाश ने कहा कि देश के सामाजिक एवं आर्थिक विकास में महिलाओं की अहम भूमिका है। गत एक महीने के दौरान पूरे राज्य में आयोजित कार्यक्रमों में महिलाओं ने अपने अनुभव साझा किए। जयपुर पुलिस सदैव महिला सुरक्षा के प्रति प्रतिबद्धता से कार्य करती रहेगी।
अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त (यातायात) रानू शर्मा ने बताया कि अभियान का मुख्य उद्देश्य महिलाओं एवं बालिकाओं को सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराने के साथ-साथ उन्हें अपने अधिकारों और सहायता तंत्र के प्रति जागरूक करना रहा।
चरणबद्ध अभियान: आंकड़ों के आईने में जागरूकता
अभियान के तहत 5 सप्ताह तक चले विभिन्न चरणों में समाज के हर वर्ग से सीधा संवाद स्थापित किया गया:
- प्रथम एवं द्वितीय सप्ताह: ऑनलाइन संवाद से 1,023 प्रशिक्षणार्थियों तक पहुंच बनाई गई। वहीं महिला पुलिस वॉलंटियर्स के साथ 4,884 संवाद किए गए तथा महिला सम्मान समारोहों में 344 महिलाओं को सम्मानित किया गया।
- तृतीय सप्ताह: बुजुर्ग महिलाओं एवं एकल बुजुर्ग दंपतियों के घर-घर जाकर 734 मुलाकातें की गईं। स्लम क्षेत्रों एवं महिला श्रमिकों के साथ 1,640 संवाद आयोजित हुए।
- चतुर्थ सप्ताह (शैक्षणिक संस्थान): विभिन्न हितधारकों के साथ 28 बैठकें हुईं। सरकारी एवं निजी 84 महाविद्यालयों के 6,709 छात्र-छात्राओं को वर्कशॉप के माध्यम से जागरूक किया गया।
- पंचम सप्ताह: महिला पुलिसकर्मियों के साथ 1,310 संवाद और 118 जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए।
सुरक्षा संसाधनों की दी गई विस्तृत जानकारी
अभियान के दौरान आमजन और बालिकाओं को पुलिस की प्रमुख हेल्पलाइन और सुरक्षा पहलों से अवगत कराया गया:
- हेल्पलाइन नंबर: 1930 (साइबर/महिला सुरक्षा), 112 (आपातकालीन सेवा) और 1090 (महिला हेल्पलाइन)।
- डिजिटल व जमीनी सुरक्षा पहल: ‘RAJCOP Citizen App’ का उपयोग, महिला बीट अधिकारी योजना, एंटी रोमियो स्क्वाड, कालिका पेट्रोलिंग यूनिट, वरिष्ठ जन संबंध योजना, Y-CLG, सुरक्षा सखी और नि:शुल्क आत्मरक्षा प्रशिक्षण।
समारोह में वरिष्ठ अधिकारियों की उपस्थिति
कार्यक्रम के दौरान जयपुर पुलिस आयुक्त सचिन मित्तल, अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त प्रदीप मोहन शर्मा, उपायुक्त (यातायात) योगेश गोयल, उपायुक्त (मुख्यालय) अनुष्ठा कालिया सहित पुलिस आयुक्तालय के कार्मिक, सुरक्षा सखियां और कालिका यूनिट की सदस्य उपस्थित रहीं।