प्रथम चरण में 9 सितंबर को 18 निकायों और द्वितीय चरण में 11 सितंबर को नगर निगम जयपुर क्षेत्र में रहेगा अवकाश
अन्य क्षेत्रों में कार्यरत पंजीकृत मतदाताओं को भी मताधिकार के लिए मिलेगी सवैतनिक छुट्टी
जिला निर्वाचन अधिकारी संदेश नायक ने नियोक्ताओं व विभागाध्यक्षों को दिए सख्त निर्देश
जयपुर /8 सितंबर 2026/नरेश गुनानी/नगरीय निकाय आम चुनाव-2026 के मद्देनजर जयपुर जिले में मतदान दिवसों पर संबंधित निर्वाचन क्षेत्रों में कार्यरत और मतदाता के रूप में पंजीकृत कार्मिकों को सवैतनिक अवकाश (Paid Leave) मिलेगा। राज्य निर्वाचन आयोग के निर्देशों के क्रम में जिला प्रशासन ने यह व्यवस्था सुनिश्चित की है, ताकि कोई भी पात्र कर्मचारी अपने मताधिकार के प्रयोग से वंचित न रहे।
दो चरणों में इन तारीखों पर रहेगा अवकाश
जिला निर्वाचन अधिकारी (म्यूनिसिपल) संदेश नायक के अनुसार, मतदान प्रक्रिया को सुगम बनाने के लिए दोनों चरणों के अनुसार अवकाश की घोषणा की गई है:
- प्रथम चरण (9 सितंबर 2026, बुधवार): जयपुर जिले की दो नगर परिषदों—शाहपुरा व चौमूं, तथा 16 नगरपालिकाओं—बगरू, चाकसू, जोबनेर, किशनगढ़-रेनवाल, फुलेरा, सांभर, बस्सी, दूदू, जमवारामगढ़, कालाडेरा, कानोता, खेजरोली, मनोहरपुर, नारायणा, फागी एवं वाटिका के निर्वाचन क्षेत्रों में सवैतनिक अवकाश रहेगा।
- द्वितीय चरण (11 सितंबर 2026, शुक्रवार): नगर निगम जयपुर के निर्वाचन क्षेत्र में मतदान दिवस के उपलक्ष्य में पूर्ण सवैतनिक अवकाश लागू रहेगा।
बाहर कार्यरत मतदाताओं को भी मिलेगी विशेष सुविधा
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि ऐसे कार्मिक जो इन संबंधित नगरीय निकायों के निर्वाचन क्षेत्रों में मतदाता के रूप में पंजीकृत हैं, लेकिन अपनी नौकरी या कामकाज के सिलसिले में अन्य क्षेत्रों अथवा जिलों में नियोजित हैं, उन्हें भी मतदान दिवस पर अपने मताधिकार का प्रयोग करने के लिए सवैतनिक अवकाश का लाभ दिया जाएगा। इसका मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि कार्यस्थल की दूरी या बाध्यता के कारण कोई भी नागरिक लोकतंत्र के इस पर्व में अपनी भागीदारी से न चूके।
आदेशों की अवहेलना पर होगी कार्रवाई, प्रशासन ने की अपील
जिला निर्वाचन अधिकारी संदेश नायक ने जिले के सभी विभागाध्यक्षों, कार्यालयाध्यक्षों, निजी एवं सार्वजनिक प्रतिष्ठानों, फैक्ट्रियों तथा व्यावसायिक संस्थानों के प्रबंधकों को इस आदेश की अक्षरशः पालना सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।
जिला प्रशासन ने सभी नियोक्ताओं और संस्थानों से अपील की है कि वे लोकतंत्र के इस महापर्व में सहयोग करते हुए पात्र कर्मचारियों को नियमानुसार सवैतनिक अवकाश प्रदान करें, जिससे सभी मतदाता बिना किसी वेतन कटौती या मानसिक दबाव के निर्भीक होकर मतदान कर सकें।