छत्तीसगढ़ की बेटी संजू देवी ने कबड्डी विश्व कप में गाड़ा झंडा, उप मुख्यमंत्री ने 50 लाख रुपए की प्रोत्साहन राशि से किया सम्मानित

गणपत चौहान 

रायपुर: छत्तीसगढ़ की पहली अंतरराष्ट्रीय महिला कबड्डी खिलाड़ी संजू देवी रावत ने अपनी मेहनत और जुनून से न केवल प्रदेश बल्कि पूरे देश का मान वैश्विक पटल पर बढ़ाया है। उनकी इस ऐतिहासिक उपलब्धि पर उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने उन्हें सम्मानित किया और राज्य सरकार की ओर से 50 लाख रुपए की प्रोत्साहन राशि प्रदान करने की घोषणा की।

​इस अवसर पर अरुण साव ने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में राज्य सरकार खिलाड़ियों के सर्वांगीण विकास और उन्हें बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है।

विश्व कप में ‘मोस्ट वैल्यूएबल प्लेयर’ का खिताब

​संजू देवी ने नवंबर 2025 में बांग्लादेश में आयोजित कबड्डी विश्व कप में अपने दमदार खेल से सभी का दिल जीत लिया। टूर्नामेंट के दौरान निर्णायक क्षणों में अंक बटोरने की उनकी काबिलियत के कारण उन्हें पूरे विश्व कप का ‘मोस्ट वैल्यूएबल प्लेयर’ (MVP) चुना गया। इससे पहले मार्च 2025 में ईरान में आयोजित एशियन कबड्डी चैंपियनशिप में भी उन्होंने स्वर्ण पदक जीतकर भारत को चैंपियन बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी।

संघर्ष से सफलता तक: केराकछार से विश्व कप का सफर

​संजू की सफलता की कहानी गरीबी और अभावों के बीच कड़े संघर्ष की मिसाल है। बिलासपुर के छोटे से गांव केराकछार से निकलकर अंतरराष्ट्रीय स्तर तक पहुँचने का उनका सफर बेहद प्रेरणादायक रहा है।

  • प्रशिक्षण: उन्होंने बिलासपुर की शासकीय कबड्डी अकादमी में अपने खेल कौशल को निखारा।
  • प्रमुख उपलब्धियां: संजू ने कोलकाता (2024) और भटिंडा (2025) में इंटर यूनिवर्सिटी टूर्नामेंट सहित देश के विभिन्न हिस्सों जैसे विशाखापट्टनम, नागपुर और तमिलनाडु में राज्य का प्रतिनिधित्व किया।
  • भारतीय टीम में चयन: 2024 में राज्य कबड्डी संघ की चयन स्पर्धा में बेहतर प्रदर्शन के बाद वे इंडिया कैंप का हिस्सा बनीं और अंततः भारतीय टीम में अपनी जगह पक्की की।

खिलाड़ियों के लिए सरकार का रोडमैप

​सम्मान समारोह के दौरान अरुण साव ने बताया कि सरकार खेलों को बढ़ावा देने के लिए बजट में पर्याप्त प्रावधान कर रही है। राज्य में हाल ही में आयोजित खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स, बस्तर ओलंपिक और सरगुजा ओलंपिक जैसे आयोजन इसी दिशा में उठाए गए कदम हैं। उन्होंने जोर दिया कि सरकार की कोशिश है कि ग्रामीण और जनजातीय क्षेत्रों की प्रतिभाओं को आगे आने का मौका मिले।

​”संजू की सफलता खेल में करियर बनाने का सपना देख रहे युवाओं के लिए एक प्रेरणा है। बाधाओं को पार कर ही अगली सीढ़ी तक पहुंचा जा सकता है।”

संजू देवी रावत

 

समारोह में उपस्थित गणमान्य

​सम्मान समारोह में खेल एवं युवा कल्याण विभाग की संचालक तनुजा सलाम, छत्तीसगढ़ कबड्डी संघ के अध्यक्ष शशिकांत बघेल, संजू देवी के कोच दिल कुमार राठौर सहित विभिन्न अकादमियों के प्रशिक्षणरत खिलाड़ी और विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।

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