नई दिल्ली/ नरेश गुनानी/जयपुर के खातीपुरा और असारवा (अहमदाबाद) खंड के रेल यात्रियों की आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए वर्तमान में 12981/82 असारवा-खातीपुरा एक्सप्रेस सहित कुल 17 जोड़ी ट्रेनें संचालित की जा रही हैं। केंद्रीय रेल, सूचना एवं प्रसारण तथा इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव ने लोकसभा में एक प्रश्न के लिखित उत्तर में यह जानकारी दी।

खातीपुरा-असारवा मार्ग पर संचालित प्रमुख ट्रेनें
लोकसभा में प्रस्तुत आंकड़ों के अनुसार, इस खंड पर चलने वाली 17 जोड़ी ट्रेनों की सूची निम्नलिखित है:
- 12957/12958 साबरमती-नई दिल्ली राजधानी एक्सप्रेस
- 12215/12216 दिल्ली सराय रोहिल्ला-बांद्रा (टी) गरीब रथ एक्सप्रेस
- 12547/12548 आगरा कैंट-साबरमती एक्सप्रेस
- 12915/12916 साबरमती-दिल्ली एक्सप्रेस
- 12981/12982 खातीपुरा-असारवा एक्सप्रेस
- 14311/14312 बरेली-भुज एक्सप्रेस
- 14701/14702 श्री गंगानगर-बांद्रा (टी) एक्सप्रेस
- 15269/15270 मुजफ्फरपुर-साबरमती एक्सप्रेस
- 19031/19032 साबरमती-योग नगरी ऋषिकेश एक्सप्रेस
- 19269/19270 पोरबंदर-मुजफ्फरपुर एक्सप्रेस
- 19401/19402 साबरमती-लखनऊ एक्सप्रेस
- 19409/19410 साबरमती-गोरखपुर एक्सप्रेस
- 19415/19416 साबरमती-श्री माता वैष्णो देवी कटरा एक्सप्रेस
- 20937/20938 पोरबंदर-दिल्ली सराय रोहिल्ला एक्सप्रेस
- 20939/20940 साबरमती-सुल्तानपुर एक्सप्रेस
- 20963/20964 साबरमती-वाराणसी एक्सप्रेस
- 22547/22548 ग्वालियर-साबरमती एक्सप्रेस
खातीपुरा-असारवा एक्सप्रेस में 100% से अधिक अधिभोग (Occupancy)
रेल मंत्रालय के अनुसार, ट्रेन संख्या 12981/12982 खातीपुरा-असारवा एक्सप्रेस में 4 साधारण श्रेणी (General) और 5 शयनयान श्रेणी (Sleeper) के डिब्बे लगाए गए हैं। वित्तीय वर्ष 2023-24 से 2026-27 (जून 2026 तक) के आंकड़ों के मुताबिक, इस ट्रेन में अधिभोग दर 100% से अधिक यानी 103% से 111% तक दर्ज की गई है।
भारतीय रेल द्वारा प्रतीक्षा सूची की स्थिति की नियमित निगरानी की जाती है। अतिरिक्त मांग को पूरा करने के लिए परिचालन क्षमता के अनुसार विशेष ट्रेनों का संचालन और अतिरिक्त डिब्बे जोड़ने का कार्य किया जाता है।
साधारण व गैर-वातानुकूलित डिब्बों के विस्तार पर जोर
अनारक्षित और मध्यम आय वर्ग के यात्रियों की सुविधा के लिए भारतीय रेल ने बड़े पैमाने पर साधारण डिब्बों की संख्या बढ़ाई है:
- वित्त वर्ष 2024-25: कम से कम 4 जनरल कोच वाली लंबी दूरी की विभिन्न गाड़ियों में 1,250 साधारण डिब्बे जोड़े गए।
- वित्त वर्ष 2025-26: 160 साधारण डिब्बों सहित लगभग 870 डिब्बों का स्थायी संवर्धन किया गया।
- आगामी 5 वर्षों का लक्ष्य: निम्न और मध्यम आय वर्ग के परिवारों की सुविधा के लिए 17,000 नए गैर-वातानुकूलित (साधारण व स्लीपर) डिब्बों के निर्माण की योजना शुरू की गई है।
भारतीय रेल में कोच और सीटों का वितरण
रेल मंत्रालय द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार, भारतीय रेल में लगभग 70% डिब्बे और 78% सीटें गैर-वातानुकूलित (Non-AC) श्रेणी की हैं:
1. सवारी डिब्बों (Coaches) का वितरण
|
डिब्बों का प्रकार |
संख्या |
प्रतिशत |
|---|---|---|
|
अवातानुकूलित (General & Sleeper) |
~62,000 |
~70% |
|
वातानुकूलित (AC) |
~27,000 |
~30% |
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कुल सवारी डिब्बे |
~89,000 |
100% |
2. सीटों (Seats/Berths) का वितरण
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सीटों का प्रकार |
संख्या |
प्रतिशत |
|---|---|---|
|
अवातानुकूलित सीटें |
~54 लाख |
~78% |
|
वातानुकूलित सीटें |
~15 लाख |
~22% |
|
कुल सीटें |
~69 लाख |
100% |
नई ट्रेनों की शुरुआत के आधार
रेल मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि किसी भी मार्ग पर नई ट्रेनें शुरू करना या कोच बढ़ाना एक सतत प्रक्रिया है, जो निम्न कारकों पर निर्भर करती है:
- मार्ग/खंड की ट्रैक क्षमता एवं समय (Path/Slot) उपलब्धता
- आवश्यक ट्रेन कोच और मेंटेनेंस अवसंरचना की उपलब्धता
- रेलपथ और परिसंपत्तियों की रखरखाव संबंधी आवश्यकताएं
- संबंधित मार्ग पर यात्रियों की मांग एवं अधिभोग दर
शिकायत निवारण के लिए ‘रेल मदद’ पोर्टल
यात्रियों की सहायता और शिकायत निवारण के लिए भारतीय रेल का ‘रेल मदद’ एकीकृत मंच कार्यरत है। यात्री हेल्पलाइन नंबर 139, मोबाइल ऐप, वेबसाइट और एसएमएस (SMS) के माध्यम से अपनी शिकायत दर्ज करा सकते हैं तथा समाधान पर अपनी प्रतिक्रिया भी दे सकते हैं।