कृषि यंत्रों पर अनुदान ने बदली किसान कैलाश पिपलोदा की तकदीर, खेती बनी अब और भी लाभप्रद

सुनील शर्मा 

जयपुर, 15 मई 2026

राजस्थान सरकार द्वारा किसानों को आधुनिक तकनीक से जोड़ने और उनकी आय बढ़ाने के उद्देश्य से चलाई जा रही योजनाएं अब धरातल पर रंग ला रही हैं। ग्राम रथ अभियान 2026 के दौरान जयपुर जिले की ग्राम पंचायत चीथवाड़ी से एक ऐसी ही सफलता की कहानी सामने आई है, जहाँ किसान कैलाश पिपलोदा के लिए सरकारी योजनाएं वरदान साबित हुई हैं।

पारंपरिक खेती की चुनौतियां

​कैलाश पिपलोदा ने अपनी आपबीती साझा करते हुए बताया कि कुछ समय पहले तक वे पूरी तरह पारंपरिक तरीके से खेती करते थे। इस पुरानी पद्धति में कई समस्याएं थीं:

  • बढ़ता खर्च: खेती के कार्यों में समय अधिक लगता था और मजदूरी पर होने वाला खर्च लगातार बढ़ रहा था।
  • समय की बर्बादी: आधुनिक संसाधनों के अभाव में कृषि कार्य समय पर पूरे नहीं हो पाते थे, जिसका सीधा असर फसल के उत्पादन और गुणवत्ता पर पड़ता था।

कृषि यंत्र योजना से मिला संबल

​कैलाश के जीवन में बदलाव तब आया जब उन्हें कृषि विभाग के अधिकारियों के माध्यम से राज्य सरकार की ‘कृषि यंत्र योजना’ की जानकारी मिली। योजना की प्रक्रिया पूरी करने के बाद उन्हें:

  1. ​आधुनिक कृषि यंत्रों की खरीद पर 50 प्रतिशत तक का अनुदान (सब्सिडी) प्राप्त हुआ।
  2. ​कम लागत में उन्नत मशीनें उपलब्ध होने से उनके काम की गति बढ़ गई।

उत्पादन में वृद्धि और आर्थिक समृद्धि

​आधुनिक कृषि यंत्रों के उपयोग से कैलाश पिपलोदा की खेती का स्वरूप बदल गया है। अब बुवाई से लेकर कटाई तक के सभी कार्य समयबद्ध तरीके से पूरे हो रहे हैं। उन्होंने बताया कि मशीनीकरण के कारण न केवल श्रम की बचत हुई है, बल्कि उत्पादन में भी उल्लेखनीय वृद्धि हुई है, जिससे उनकी आय पहले के मुकाबले काफी बढ़ गई है।

मुख्यमंत्री और विभाग का जताया आभार

​अपनी सफलता से उत्साहित किसान कैलाश पिपलोदा ने राज्य के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा और कृषि विभाग का आभार व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि सरकार की किसान हितैषी सोच ने उन्हें एक नई दिशा प्रदान की है। उन्होंने क्षेत्र के अन्य किसानों से भी आह्वान किया कि वे सरकारी योजनाओं की जानकारी लें और आधुनिक तकनीकों को अपनाकर अपनी खेती को लाभ का सौदा बनाएं।

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