किशनगढ़ बास (खैरथल-तिजारा) नरेश गुनानी
क्षेत्र में सिंधी संस्कृति, गौरवमयी परंपराओं और सामाजिक एकजुटता के संदेश के साथ निकली ‘सिंधु संस्कृति गौरव यात्रा’ का रविवार को किशनगढ़ बास पहुंचने पर भव्य और ऐतिहासिक स्वागत किया गया। पूज्य सिंधी पंचायत और भारतीय सिंधु सभा के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित इस गरिमामयी कार्यक्रम के दौरान पूरा माहौल ‘जय झूलेलाल’ के जयघोष से गुंजायमान हो उठा। संत कंवर राम हरी मंदिर में आयोजित मुख्य समारोह में सिंधी समाज के प्रबुद्ध नागरिकों, मातृशक्ति, युवाओं और बच्चों ने पूरी आत्मीयता और उत्साह के साथ शिरकत की।

पुष्प वर्षा और जयकारों से गूंजा मंदिर परिसर
जैसे ही सिंधु संस्कृति गौरव यात्रा का संत कंवर राम हरि मंदिर परिसर में आगमन हुआ, वहां उपस्थित सैकड़ों श्रद्धालुओं ने पलक-पावड़े बिछाकर यात्रा का स्वागत किया। श्रद्धालुओं द्वारा की गई भारी पुष्प वर्षा और ‘जय झूलेलाल’ के गगनभेदी नारों से पूरा परिसर भक्तिमय हो गया। इस दौरान समाज के लोगों में अपनी पारंपरिक विरासत और संस्कृति के प्रति एक अनूठा उत्साह और गौरव देखने को मिला।
नई पीढ़ी को विरासत से जोड़ना अनिवार्य: राजेश पमनानी
समारोह को संबोधित करते हुए सिंधी समाज के प्रवक्ता राजेश पमनानी ने समाज की एकता, अखंडता और सिंधी संस्कृति के संरक्षण पर विशेष बल दिया। उन्होंने कहा:
”इस प्रकार की सांस्कृतिक यात्राएं हमारी भावी पीढ़ी को अपनी जड़ों, समृद्ध इतिहास और गौरवशाली विरासत से जोड़ने का एक सशक्त माध्यम हैं। आज के आधुनिक दौर में यह अत्यंत आवश्यक है कि हम अपने रीति-रिवाजों और सामाजिक मूल्यों को अक्षुण्ण रखें। ऐसी पहल से समाज में आपसी भाईचारे, संगठन और सेवा की भावना को नई ऊर्जा मिलती है।”
कार्यक्रम में वक्ताओं ने सिंधी समाज द्वारा संस्कृति के संवर्धन और सामाजिक जागरूकता के क्षेत्र में किए जा रहे विभिन्न रचनात्मक कार्यों की सराहना की। इस दौरान उपस्थित सभी समाजजनों ने सामूहिक रूप से समाज की एकजुटता और सांस्कृतिक पहचान को और अधिक सशक्त बनाने का दृढ़ संकल्प लिया।
सामाजिक भागीदारी बढ़ाने का आह्वान
कार्यक्रम के समापन सत्र में सिंधी समाज के वरिष्ठ और प्रबुद्धजनों ने उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए आगामी दिनों में होने वाली सामाजिक, धार्मिक एवं सांस्कृतिक गतिविधियों में बढ़-चढ़कर और सक्रिय भागीदारी निभाने का आह्वान किया, ताकि समाज के संगठित स्वरूप को और अधिक मजबूती दी जा सके।
गरिमामयी उपस्थिति
इस ऐतिहासिक स्वागत समारोह और कार्यक्रम के दौरान किशनगढ़ बास पूज्य सिंधी पंचायत के मुखी गोकुल दास मृगवानी, बाबा बाबूलाल चन्दनानी, भारतीय सिंधु सभा के प्रदेश मंत्री गिरधारी लाल ज्ञानानी, राजकुमार दादवानी, दर्शन लाल बतरा, नेभराज़ बतरा, प्रभु दयाल चन्दनानी, परमानंद लख्याणी, सुनील बतरा, राजेश कामदार, रूपचंद बतरा, जनेश भूटानी, लक्ष्मण दास मंगलानी, झामनदास हरवानी, सुनील वलेचा तथा संजय बजाज सहित सिंधी समाज के अनेक वरिष्ठ पदाधिकारी, युवा वर्ग और गणमान्य नागरिक बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।