गौरव कोचर
जयपुर | 08 मई, 2026
राजस्थान में अवैध मदिरा के निर्माण, भंडारण, परिवहन और बिक्री के विरुद्ध आबकारी विभाग ने ‘जीरो टॉलरेंस’ की नीति अपनाते हुए प्रदेशव्यापी विशेष निरोधात्मक अभियान छेड़ रखा है। आबकारी आयुक्त नमित मेहता के निर्देशन में विभाग की टीमों ने पिछले एक सप्ताह में रिकॉर्डतोड़ कार्रवाई करते हुए शराब माफियाओं के नेटवर्क को ध्वस्त किया है।

एक सप्ताह का रिपोर्ट कार्ड: 787 मामले दर्ज
अभियान के तहत 1 से 7 मई 2026 के बीच प्रदेश के विभिन्न जिलों में प्रभावी नाकाबंदी और रेड की गई। इस दौरान कुल 787 अभियोग दर्ज किए गए और 252 व्यक्तियों को सलाखों के पीछे भेजा गया।
जब्त की गई मदिरा का विवरण:
- देशी मदिरा: 3,525 लीटर (अनुमानित कीमत ₹9.45 लाख)
- विदेशी मदिरा (IMFL): 841 लीटर (अनुमानित कीमत ₹8.39 लाख)
- बीयर: 1,393 लीटर (अनुमानित कीमत ₹3.75 लाख)
- हथकड़ शराब: 4,750 लीटर जब्त
- वॉश नष्ट: 1,77,217 लीटर अवैध वॉश मौके पर ही नष्ट किया गया।
अभियान के दौरान परिवहन में प्रयुक्त 8 बड़े वाहन, 2 हल्के चार पहिया वाहन और 11 दुपहिया वाहनों सहित कुल 21 वाहन भी जब्त किए गए हैं।

प्रमुख जिलों में बड़ी कार्रवाइयां
आबकारी आयुक्त के नेतृत्व में निरोधक दलों ने राज्य के कई संवेदनशील इलाकों में छापेमारी की:
- चित्तौड़गढ़: ईपीएफ (EPF) दल ने नेशनल हाईवे 48 पर राती मंगरी में दुकानों की तलाशी लेकर 1,600 लीटर स्प्रिट बरामद की, जिसे 8 ड्रमों में छिपाकर रखा गया था।
- भरतपुर एवं डीग: सीकरी, गोपालगढ़ और कुम्हेर जैसे संवेदनशील क्षेत्रों में संयुक्त दबिश दी गई। यहाँ अंग्रेजी व देशी शराब के पव्वों सहित 68 लीटर हथकड़ शराब जब्त की गई और पुराने मामलों में फरार 2 आरोपियों को भी दबोचा गया।
- बहरोड़ (भिवाड़ी): जेनेसिस मॉल स्थित ‘स्काई बार’ पर छापा मारकर हरियाणा में बिक्री के लिए आरक्षित (Sale in Haryana) अंग्रेजी शराब और बीयर की बोतलें बरामद की गईं।
- झालावाड़: चौमहला क्षेत्र के सुजानपुर तालाब के पास कार्रवाई करते हुए 10,000 लीटर वॉश नष्ट किया गया और 110 लीटर हथकड़ शराब बरामद की गई।
- जोधपुर: लूनी और ओसियां क्षेत्रों में घेराबंदी कर अवैध शराब परिवहन करते हुए तस्करों को गिरफ्तार किया गया।
‘जीरो टॉलरेंस’ नीति पर अडिग प्रशासन
आबकारी आयुक्त नमित मेहता ने स्पष्ट किया है कि अन्य राज्यों से होने वाली शराब तस्करी और अवैध निर्माण पर अंकुश लगाने के लिए विभाग बेहद सख्त है। प्रदेश के सभी अतिरिक्त आबकारी आयुक्त जोन, उपायुक्त और जिला आबकारी अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि वे अपने क्षेत्रों में गश्त और दबिश की कार्रवाई जारी रखें।
वर्तमान में प्रदेश के सभी जिलों में सघन नाकाबंदी और संदिग्ध ठिकानों की जांच का कार्य युद्धस्तर पर जारी है, ताकि अवैध मदिरा के कारोबार को पूरी तरह समाप्त किया जा सके।