अलवर में सक्रिय हुआ मानसून, खरीफ फसलों के लिए अमृत बनी बरसात
ख़ेरथल तिजारामें सबसे अधिक वर्षा दर्ज, किसानों में लौटी रौनक
Edited By : नरेश गुनानी
टेलीग्राफ टाइम्स
जुलाई 08,2025
अलवर, 8 जुलाई 2025 — किशन गड़ बास,ख़ेरथल तिजारा
राजस्थान के अलवर जिले में मानसून ने दस्तक दे दी है और इस बार बारिश समय पर और अच्छी मात्रा में हो रही है। खास तौर पर राजगढ़ क्षेत्र में सर्वाधिक वर्षा दर्ज की गई है, जिससे इलाके के किसानों के चेहरों पर मुस्कान लौट आई है। कई गांवों और कस्बों में अच्छी बारिश के चलते खरीफ की बुआई का काम जोरों पर है।
🌧️ मानसून की पहली बड़ी बारिश से राहत
पिछले कुछ दिनों से बादल मंडरा रहे थे, लेकिन रविवार रात से शुरू हुई बारिश ने अलवर जिले को भिगो दिया। मौसम विभाग के अनुसार, ख़ेरथल तिजारा में सबसे अधिक 82 मिमी वर्षा दर्ज की गई, जबकि किशनगढ़बास, लक्ष्मणगढ़ और बहरोड़ क्षेत्रों में भी 50 से 70 मिमी तक बारिश हुई है। तापमान में भी गिरावट आई है, जिससे गर्मी से परेशान लोगों को बड़ी राहत मिली है।
🌾 खरीफ फसलों के लिए संजीवनी
किसानों के लिए यह बारिश किसी वरदान से कम नहीं है। मूंग, मोठ, बाजरा, उड़द और ग्वार जैसी खरीफ फसलों की बुआई का काम अब तेजी से हो रहा है। कई क्षेत्रों में खेतों में हल और ट्रैक्टरों की गूंज सुनाई देने लगी है। लंबे समय से बारिश का इंतजार कर रहे किसान अब खेतों में जुट गए हैं।
किशन गड़ बास के किसान बताते हैं —
“पिछले साल सूखा पड़ गया था, लेकिन इस बार समय पर बारिश ने उम्मीद जगा दी है। अगर इसी तरह दो-तीन और बारिश हो गई तो इस बार अच्छी पैदावार होगी।”
🏞️ जल स्रोतों में बढ़ा जलस्तर
बारिश के चलते तालाब, नाले और खेतों की मेढ़ें भरने लगी हैं। भूजल स्तर में भी थोड़ी बढ़ोतरी दर्ज की गई है, जिससे आगामी दिनों में सिंचाई की समस्याओं में भी कमी आने की संभावना है।
🌩️ आगे कैसा रहेगा मौसम?
मौसम विभाग ने आगामी 3-4 दिनों तक हल्की से मध्यम बारिश की संभावना जताई है। खासतौर पर पूर्वी राजस्थान के जिलों में मानसून की सक्रियता बनी रहेगी।
अलवर जिले में सक्रिय हुआ मानसून किसानों के लिए राहत लेकर आया है। जहां एक ओर खेतों में हरियाली की उम्मीद जगी है, वहीं आमजन को भी गर्मी से राहत मिली है। यदि आने वाले हफ्तों में मानसून इसी तरह बना रहा, तो इस बार अलवर में खरीफ की फसलें रिकॉर्ड उत्पादन दे सकती हैं।