अजमेर/ हरि प्रसाद शर्मा/जिले के क्रिश्चियन गंज थाना पुलिस ने केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के एक जवान को मदद के बहाने बुलाकर बंधक बनाने, मारपीट करने, अश्लील वीडियो बनाकर ब्लैकमेल करने और ऑनलाइन 89 हजार रुपये ट्रांसफर करवाकर लूटने के सनसनीखेज मामले का खुलासा किया है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए वारदात में शामिल चारों आरोपियों को बापर्दा गिरफ्तार कर लिया है। इसके साथ ही वारदात में प्रयुक्त बिना नंबर की स्विफ्ट कार भी बरामद कर ली गई है।
मदद की गुहार लगाकर जाल में फंसाया
पुलिस अधीक्षक हर्षवर्धन अग्रवाला के अनुसार, परिवादी किशोर कुमार निवासी सिटावट (परबतसर, डीडवाना-कुचामन) हाल निवासी ईडब्ल्यूएस-106, अरावली होम, जनाना रोड, अजमेर, सीआरपीएफ में पदस्थापित हैं। जवान ने क्रिश्चियन गंज थाने में दी गई रिपोर्ट में बताया कि 25 सितंबर 2026 की रात करीब 10 बजे जब वह अपने फ्लैट पर मौजूद थे, तभी उनके मोबाइल ऐप पर मदद की गुहार का एक संदेश आया। झांसे में लेकर उन्हें जनाना अस्पताल के पास बुलाया गया।
जब जवान मौके पर पहुंचे, तो वहां पहले से मौजूद एक सफेद रंग की स्विफ्ट कार में सवार युवक ने कहा कि ‘मरीज आगे है’ और उन्हें इलाइट वाटिका के पास गाड़ी में बैठा लिया। जवान के कार में बैठते ही उसके तीन अन्य साथी भी आ धमके और उन्होंने कार के दरवाजे बंद कर जवान के साथ बेरहमी से मारपीट शुरू कर दी।
कपड़े उतरवाकर बनाया अश्लील वीडियो, दो घंटे तक शहर में घुमाया
आरोपियों ने चलती गाड़ी में जवान को बंधक बना लिया और उनका सिर नीचे झुकाकर करीब दो घंटे तक शहर के अलग-अलग रास्तों पर घुमाते रहे। इस दौरान आरोपियों ने:
- जवान के कपड़े उतरवाकर जबरन अश्लील वीडियो रिकॉर्ड किया।
- सीआरपीएफ पहचान पत्र और मोबाइल एप्लिकेशन का वीडियो बना लिया।
- जवान के परिजनों के मोबाइल नंबर ले लिए और धमकी दी कि यदि किसी को बताया या पुलिस में शिकायत की, तो वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल कर बदनाम कर देंगे।
- गंभीर परिणाम भुगतने का खौफ दिखाकर योनो (YONO) और यूपीआई (UPI) के जरिए जवान के बैंक खाते से कुल 89 हजार रुपये अलग-अलग बैंक खातों में ट्रांसफर करवा लिए। इसके बाद पीड़ित को सुनसान जगह छोड़कर फरार हो गए।
200 सीसीटीवी कैमरे खंगाले, तकनीकी साक्ष्यों से दबोचे गए बदमाश
सीआरपीएफ जवान के साथ हुई इस गंभीर वारदात को देखते हुए अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक हिमांशु जांगिड़ और पुलिस उप अधीक्षक (उत्तर) शिवम जोशी के सुपरविजन में थानाधिकारी अरविंद सिंह चारण के नेतृत्व में विशेष टीम का गठन किया गया।
विशेष टीम ने घटनास्थल, आसपास के मार्गों, होटल-ढाबों और टोल प्लाजाओं पर लगे करीब 150 से 200 सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। तकनीकी डेटा और मोबाइल लोकेशन का गहन विश्लेषण करने के साथ ही मुखबिर तंत्र को सक्रिय किया गया। तकनीकी साक्ष्यों और सूचना के आधार पर पुलिस ने घेराबंदी कर चारों आरोपियों को दस्तयाब कर बापर्दा गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तार आरोपियों का विवरण:
- जयराम चौधरी (18 वर्ष) पुत्र रामेश्वर लाल, निवासी मुण्डेलों की ढाणी, कोटड़ी, थाना रूपनगढ़, जिला अजमेर।
- दयाराम ढाका (20 वर्ष) पुत्र टोडूराम, निवासी निम्बोला, थाना पीलवा, जिला डीडवाना-कुचामन।
- राकेश गोदारा (23 वर्ष) पुत्र आशुराम, निवासी पालड़ी कड़वा, थाना पीलवा, जिला डीडवाना-कुचामन।
- राहुल यादव उर्फ रॉकी (19 वर्ष) पुत्र नवल किशोर यादव, निवासी लालपुरा, थाना कालवाड़, जिला जयपुर।
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से वारदात में प्रयुक्त बिना नंबर की स्विफ्ट वीएक्सआई (Swift VXI) कार जब्त कर ली है। पुलिस आरोपियों को रिमांड पर लेकर लूटी गई रकम की रिकवरी करने और इस गिरोह द्वारा पूर्व में की गई अन्य वारदातों के संबंध में गहन अनुसंधान कर रही है।