अजमेर उत्तर को 4 नए आयुष्मान शहरी आरोग्य मंदिरों की सौगात: विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी के प्रयासों से मिली स्वीकृति

अजमेर/ नरेश गुनानी/अजमेर उत्तर क्षेत्र के निवासियों के लिए एक महत्वपूर्ण खुशखबरी सामने आई है। विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी के निरंतर प्रयासों से अजमेर को चार नए आयुष्मान शहरी आरोग्य मंदिरों की स्वीकृति मिली है। इन केंद्रों के स्थापित होने से स्थानीय निवासियों को सामान्य और प्राथमिक बीमारियों का इलाज, जांच व दवाएं निःशुल्क और घर के पास ही सुलभ हो सकेंगी।

​1.15 करोड़ रुपये की लागत से 4 प्रमुख इलाकों में खुलेंगे केंद्र

​नेशनल हेल्थ मिशन के तहत वित्तीय वर्ष 2026-27 के स्वीकृत अनुदान के अंतर्गत इन केंद्रों की स्थापना एवं संचालन के लिए 1 करोड़ 15 लाख 50 हजार रुपये की प्रशासनिक एवं वित्तीय स्वीकृति जारी कर दी गई है। प्रत्येक केंद्र के लिए 28 लाख 87 हजार 500 रुपये आवंटित किए गए हैं।

​ये नए आयुष्मान शहरी आरोग्य मंदिर निम्नलिखित स्थानों पर स्थापित किए जाएंगे:

  • गणेश गुवाड़ी
  • सरावगी मौहल्ला
  • नला बाजार
  • काजीपुरा चौराहा

​स्वास्थ्य केंद्रों पर मिलने वाली प्रमुख सेवाएं

​इन केंद्रों का मुख्य उद्देश्य शहरी क्षेत्रों में प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाओं को नागरिक-केंद्रित, सुलभ और आधुनिक बनाना है। यहाँ निम्नलिखित सेवाएं प्रदान की जाएंगी:

  • सामान्य व प्राथमिक चिकित्सा: सर्दी, खांसी, बुखार, डायबिटीज (मधुमेह) और ब्लड प्रेशर (BP) जैसी बीमारियों का निःशुल्क इलाज।
  • मातृ एवं शिशु देखभाल: गर्भवती महिलाओं और बच्चों के स्वास्थ्य से जुड़ी विशेष सेवाएं।
  • डिजिटल व वेलनेस सेवाएं: टेली-परामर्श (Tele-consultation), योग, वेलनेस गतिविधियां तथा स्वास्थ्य जागरूकता।
  • जांच एवं मुफ्त दवाएं: गैर-संचारी रोगों की त्वरित जांच और आवश्यक दवाओं का वितरण।

​अजमेर उत्तर बन रहा है प्रदेश का प्रमुख ‘चिकित्सा हब’

​अजमेर उत्तर विधानसभा क्षेत्र में स्वास्थ्य ढांचे को मजबूत करने के लिए बुनियादी स्तर से लेकर सुपर स्पेशलिटी स्तर तक सैकड़ों करोड़ों रुपये के विकास कार्य प्रगति पर हैं:

  • जेएलएन अस्पताल (JLN Hospital): अस्पताल परिसर में 190 करोड़ रुपये की लागत से अत्याधुनिक ‘सुपर स्पेशलिटी ब्लॉक’ का निर्माण किया जा रहा है। साथ ही 50 करोड़ रुपये के अन्य अधोसंरचनात्मक विकास कार्य भी जारी हैं।
  • रोबोटिक सर्जरी की शुरुआत: जेएलएन अस्पताल में 18 करोड़ रुपये की लागत से रोबोटिक सर्जरी सुविधा शुरू की गई है, जिससे जटिल ऑपरेशनों को आधुनिक तकनीक द्वारा आसानी से अंजाम दिया जा रहा है।
  • स्थानीय अस्पतालों का सुदृढ़ीकरण: उत्तर क्षेत्र स्थित सैटेलाइट अस्पताल की ओपीडी में प्रतिदिन 400 से अधिक मरीज लाभान्वित हो रहे हैं। प्राथमिक स्तर पर मजबूत व्यवस्थाओं से जेएलएन अस्पताल पर सामान्य मरीजों का दबाव लगातार कम हुआ है।
  • आधुनिक जांच सुविधाएं: कस्तूरबा, डिग्गी बाजार, माकड़वाली, पुलिस लाइन और वैशाली नगर के स्वास्थ्य केंद्रों पर ‘पोर्टेबल एक्स-रे मशीन’ तथा कोटड़ा सैटेलाइट चिकित्सालय में ‘सोनोग्राफी मशीन’ की सेवाएं हाल ही में शुरू की गई हैं।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Share post:

Subscribe

Popular

Block title
Related