हरि प्रसाद शर्मा
अजमेर। राजस्थान के अजमेर जिले में पुलिस की नाक के नीचे चल रहे एक अवैध हुक्का बार पर कार्रवाई के दौरान एक बेहद चौंकाने वाला मामला सामने आया है। छापे के दौरान पुलिस टीम से उलझने और शांति भंग के आरोप में गिरफ्तार हुए पुलिस लाइन के एसीआई (ASI) अनिल जाखड़ ने कोर्ट में पेशी के दौरान मीडियाकर्मियों के सामने विवादित बयान दिया है।
एडीएम कोर्ट में पेशी के लिए ले जाते समय एएसआई जाखड़ ने मीडिया के कैमरों को देखकर कहा— “मेरी फोटो लॉरेंस बिश्नोई जैसी लेना, ढंग की फोटो आनी चाहिए।” एएसआई के इस गैर-जिम्मेदाराना बयान और पूरे घटनाक्रम का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। मामले को बेहद गंभीर मानते हुए अजमेर एसपी हर्षवर्धन अग्रवाला ने त्वरित कार्रवाई करते हुए एएसआई अनिल जाखड़ को तत्काल प्रभाव से निलंबित (सस्पेंड) कर दिया है। पुलिस के अनुसार, आरोपी एएसआई का पुराना रिकॉर्ड भी दागी रहा है और उसके खिलाफ पूर्व में भी विभागीय कार्रवाई हो चुकी है।
देर रात सीएनसी कैफे पर पड़ा छापा, चल रहा था अवैध हुक्का बार
मिली जानकारी के अनुसार, गंज थाना पुलिस और सीओ दरगाह की संयुक्त टीम को मुखबिर से सूचना मिली थी कि बोराज रोड स्थित धानुका गार्डन के पास संचालित ‘सीएनसी कैफे’ (CNC Cafe) में अवैध रूप से हुक्का परोसा जा रहा है। इस सूचना पर पुलिस टीम ने देर रात करीब 11:30 बजे कैफे पर अचानक छापा मारा।
कार्रवाई के दौरान कैफे के भीतर कई युवक धुआं उड़ाते हुए हुक्का पीते पाए गए। पुलिस की जांच में सामने आया कि कैफे में मौजूद 19 वर्षीय जतिन बिना किसी वैध लाइसेंस और अनुमति के ग्राहकों को विभिन्न फ्लेवर के हुक्के उपलब्ध करा रहा था। पुलिस ने राजस्थान धूम्रपान निषेध एवं गैर-धूम्रपानकर्ताओं के स्वास्थ्य संरक्षण अधिनियम, 2000 की धारा 9/11 के तहत मामला दर्ज कर जतिन को गिरफ्तार कर लिया।
खुद को बताया मालिक, बेटे के कनेक्शन की भी जांच
कैफे पर जब पुलिस की कार्रवाई चल रही थी, तभी वहां मौजूद एएसआई अनिल जाखड़ ने कथित रूप से पुलिस टीम का विरोध करना शुरू कर दिया और मौके पर जमकर हंगामा काटा। साथी पुलिसकर्मियों द्वारा समझाने के बावजूद वह शांत नहीं हुआ और सरकारी कार्य में बाधा डालने लगा। इसके बाद गंज थाना पुलिस ने उसे शांति भंग के आरोप में गिरफ्तार कर लिया।
मालिक कौन? जांच में जुटी पुलिस:
कार्रवाई के दौरान मौके पर एएसआई जाखड़ ने खुद को उस हुक्का बार का मालिक बताया था। हालांकि, प्रारंभिक जांच और पूछताछ में यह बात भी सामने आ रही है कि इस कैफे का संचालन एएसआई का बेटा कर रहा था। पुलिस अब तकनीकी और दस्तावेजी साक्ष्यों के आधार पर यह पता लगाने में जुटी है कि इस अवैध कारोबार का वास्तविक संचालक कौन है।
पुलिस की जब्ती और कोटपा एक्ट के तहत चालान
पुलिस ने इस छापेमारी के दौरान मौके से भारी मात्रा में हुक्का सामग्री बरामद की है, जिसमें शामिल हैं:
- 4 चालू हुक्के
- 4 चिलम
- विभिन्न फ्लेवर और अन्य संबंधित सामग्री
इसके साथ ही, कैफे के भीतर हुक्का पीते पाए गए 10 युवकों के खिलाफ कोटपा (COTPA) एक्ट के तहत कार्रवाई की गई। पुलिस ने सभी युवकों के 200-200 रुपए के चालान काटकर कुल 2,000 रुपए का जुर्माना मौके पर ही वसूला।
कोर्ट परिसर में भी दिखा ‘वर्दी का रौब’
गिरफ्तारी के बाद भी एएसआई अनिल जाखड़ के रवैये में कोई सुधार नहीं दिखा। एडीएम कोर्ट में पेशी के दौरान वह साथी पुलिसकर्मियों के कंधों पर हाथ रखकर फिल्मी अंदाज में चलता नजर आया। पुलिस वाहन में बैठाए जाने के दौरान भी वह लगातार मीडिया को देखकर अजीबोगरीब बयानबाजी करता रहा और लोगों का ध्यान खींचने की कोशिश की। फिलहाल, पुलिस प्रशासन ने निलंबन की कार्रवाई के साथ ही इस पूरे मामले की विस्तृत विभागीय जांच शुरू कर दी है।